चंडीगढ़ रेफर करने के बाद परिजन अस्पताल परिसर में खड़ी दो-दो सरकारी एंबुलेंस को लेने की प्रक्रिया में उलझ गए। ड्राइवर ने जहां उन्हें 108 नंबर से एंबुलेंस लेने की अनुमति के लिए बोला, तो वहीं फारूखा खालसा स्कूल के प्रबंधक द्वारा फोन करने के दौरान 108 नंबर व्यस्त दिखाता रहा। आखिर में प्रबंधन ने जब एंबुलेंस की फोटो लेकर स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज को भेजने की बात कहीं तो कुछ ही मिनट में एंबुलेंस उपलब्ध हो गई।
पुलिस ने खंगाली स्कूल की सीसीटीवी, नहीं मिली फुटेज
स्कूल प्रबंधन के संग मिलकर पुलिस मुलाजिम फुटेज के लिए कड़ी मशक्कत करते रहे। बाद में पता चला कि स्कूल के कैमरे तो चल रहे है लेकिन उनका बैकअप ही नहीं तैयार हो रहा। आखिर में बिना फुटेज के ही पुलिस को निराश होकर वापस लौटना पड़ा।
घायल के बयान लेने के लिए मुलाजिम चंडीगढ़ गए हुए है। हमलावरों की पहचान के लिए टीमें गठित कर दी गई है और इलाके में लगे सीसीटीवी की फुटेज भी खंगाली जा रही है। जल्द ही हमलावरों को काबू कर लिया जाएगा। - विजय कुमार, थाना प्रभारी अंबाला कैंट।