पत्नी की बेवफाई पर उसने खौफनाक कदम उठा लिया। न सिर्फ पत्नी का मर्डर किया बल्कि खुद भी जान दे दी। मामला पंजाब के खरड़(मोहाली) का है। व्यक्ति ने पत्नी की बेवफाई से परेशान होकर पहले पत्नी की गला दबाकर हत्या कर दी बाद में खुद चलती ट्रेन के आगे कूदकर खुदकुशी की ली।
घर में छोड़े सुसाइड नोट में खुदकुशी का कारण घरेलू कलह बताया है। पत्नी की चरित्र पर संदेह भी व्यक्त किया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार मुंडी खरड़ निवासी मंजीत सिंह (35) का विवाह 2008 में गांव चतामला निवासी परमजीत कौर से हुआ था।
विवाह के बाद परमजीत कौर ने अपनी भांजी को गोद ले लिया। कुछ समय बाद दोनों में तनाव रहने लगा। रोजाना झगड़े से परेशान होकर मंजीत सिंह दुबई चला गया, जहां से वर्ष 2010 में लौट कर आया।
फिर उनके बेटा हुआ, चार साल का है। विदेश से लौटने के बाद भी दोनों में घरेलू कलह रहने लगा। कलह के कारण दोनों बच्चों को परमजीत कौर ने मायके भेज दिया। वहीं दोनों स्कूल में पढ़ने लगे।
परमजीत कौर का शव बिस्तर पर
परमजीत के भाई जसविंदर सिंह ने बताया कि मंगलवार दोपहर उसने मंजीत सिंह को फोन कर बुलाया था तब मंजीत ने उसे जवाब दिया कि वह नहीं आ सकता। डेढ़ घंटे बाद जब उसने मंजीत को दोबारा फोन किया। तो फोन बंद आने लगा।
वहीं परमजीत कौर का भी मोबाइल बंद आ रहा था। देर रात तक वह लोग निरंतर दोनों को फोन मिलाते रहे। फोन बंद आ रहे थे, तो वह लोग घबरा गए।
रात 11 बजे वह लोग मुंडी खरड़ आ गए, जहां मंजीत पत्नी के साथ किराए पर रहता था। उन्होंने देखा कि कमरे पर ताला है। पुलिस को सूचित किया गया। मध्य रात्रि को पुलिस मौके पर पहुंची। कमरा खुलवा कर देखा कि तो परमजीत कौर का शव बिस्तर पर पड़ा था।
उसका गला चुन्नी से दबाया गया था। वहीं दीवार पर एक सुसाइड नोट चस्पा था, जिसमें मंजीत सिंह ने पत्नी के चरित्र पर संदेह व्यक्त किया है। उसमें लिखा था कि उसने ही पत्नी को मारा है एवं खुद भी खुदकुशी कर रहा है।
इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि मोरिंडा रेलवे लाइन के पास मंजीत सिंह की बाइक गिरी मिली है। मंजीत सिंह ने ट्र्रेन के आगे कूदकर खुदकुशी कर ली है। जिसकी जांच जीआरपी कर रही है।
अदालत में भी चली कार्रवाई
मंजीत ने अपनी मां को फोन पर सूचित किया कि वह हमेशा के लिए कहीं जा रहा है उसे तलाशने की कोशिश न करे। इसके बाद मंजीत की मां शाम 4:30 बजे उनके घर आई थी।
जहां कमरे पर ताला लगा होने के कारण उसे संदेह हुआ एवं उसने पुलिस को सूचित किया कि उसका बेटा कहीं चला गया है, लेकिन वह नहीं जानती थी कि परमजीत कौर का शव कमरे के अंदर पड़ा है।
दोनों का घरेलू कलह अदालत तक पहुंचा। पहले वह दोनों एलआईसी कालोनी स्थित मंजीत के संयुक्त परिवार के साथ ही रहते थे, लेकिन एक माह पूर्व ही घरेलू कलह के चलते यह दोनों परिवार से अगल हुए तथा शिफट होकर मुंडी खरड़ में ही किसी अन्य जगह पर किराए पर कमरा लेकर रहने लगे। वहां मंगलवार को मंजीत ने पत्नी का कत्ल कर दिया।
मंजीत ने सुसाइड नोट में लिखा है
पंजाबी में लिखे 5 पेज के सुसाइड नोट में मंजीत सिंह ने दुखी गृहस्थ जीवन का पूरा सार लिखा है। उसने मुख्य कारण लिखा कि पत्नी का चरित्र ठीक नहीं है।
उसका किसी अन्य व्यक्ति से प्रेम प्रसंग है। जिसका मोबाइल नंबर भी मंजीत ने सुसाइड नोट में लिखा है। उसने लिखा कि उसके सास, ससुर उसकी बात नहीं सुनते एवं परमजीत कौर का ही साथ देते हैं।
उन्हें भी संबंधों की जानकारी है। जिसके चलते उसके घर में हमेशा से ही कलह रहता रहा है। जिससे तंग आकर वह खुदकुशी कर रहा है।