दूसरी घटना भी लुधियाना की है। यहां, परिवार की आर्थिक तंगी से परेशान ढंढारी खुर्द निवासी प्रीति (18) ने शुक्रवार की दोपहर घर में फंदा लगाकर जान दे दी। थाना फोकल प्वाइंट के अधीन आती चौकी ढंढारी खुर्द की पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया।
चौकी ढंढारी खुर्द के इंचार्ज ने बताया कि प्रीति के परिजन मूल रुप से बिहार के जिला छपरा के रहने वाले हैं। प्रीति पहले छपरा में ही अपने दादा-दादी के पास रहती थी और वहीं पर पढ़ाई करती थी। कुछ दिन पहले वह दादा-दादी को छोड़कर अपने मां-बाप के पास आ गई। परिजन आर्थिक तौर पर काफी कमजोर थे। इससे वह परेशान हो गई।
परिजन रोजाना उसे घर अकेला छोड़ कर काम पर चले जाते थे। शुक्रवार की सुबह प्रीति के पिता शत्रुघन शर्मा और मां काम पर चली गई। प्रीति घर में अकेली थी। उसने दोपहर को कमरा अंदर से बंद किया और फंदा लगाकर जान दे दी। जब परिजन दोपहर को खाना खाने के लिए घर आए तो दरवाजा अंदर से बंद था। उन्होंने किसी तरह से दरवाजा खोला तो अंदर प्रीति का शव लटकता रहा था। उनका शोर सुनकर आस-पास के लोग इकट्ठा हो गए। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंच गई।
वहीं गुरदासपुर में भी आत्महत्या का एक मामला प्रकाश में आया है। पुरानी रंजिश के चलते गत 2 अक्तूबर को गांव आलेचक्क निवासी बलविंदर मसीह पुत्र भगत मसीह ने जहरीला पदार्थ निगल लिया था। जिसे निजी अस्पताल में दाखिल कराया गया था। बलविंदर मसीह की गुरुवार को मौत हो गई। जिसके बाद उसके परिजनों ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई न करने के कारण सिविल अस्पताल के बाहर धरना दिया।
मामले में मृतक के परिजनों का आरोप था कि पुरानी रंजिश में उनके पड़ोसी, गांव वाले तथा एक नायब तहसीलदार उन्हें गालियां देते तथा धमकाते थे, जिससे तंग आकर बलविंदर ने आत्महत्या की है। मृतक गुरदासपुर के एक स्कूल में ड्राइवर था। मामला गुरदासपुर के विधायक बरिंद्रमीत सिंह पाहड़ा के ध्यान में आने के बाद उन्होंने पीड़ित परिवार को इंसाफ दिलाने का आश्वासन दिलाया। इस संबंध में पुलिस ने मृतक की बहन की शिकायत पर देर रात छह के खिलाफ मामला दर्ज किया।
लुधियाना के माडल टाऊन के मनोहर नगर इलाके में रहने वाली परमिंदर कौर (27) ने शुक्रवार की सुबह घर में ही संदिग्ध हालात में फंदा लगाकर अपनी जान दे दी। घटना का पता उस समय चला जब पति काम पर जाने के लिए नींद से जागा। वह फंदे से पत्नी को नीचे उतार कर पास के निजी अस्पताल ले गया। वहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने के बाद थाना माडल टाऊन की पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने जांच के बाद पोस्टमार्टम करा शव परिजनों के हवाले कर दिया है।
जांच अधिकारी एएसआई मलकीत सिंह ने बताया कि परमिंदर कौर का पति सुखबीर सिंह सब्जी मंडी में काम करता है। वह रोजाना सुबह साढ़े चार बजे काम पर निकल जाता है। सुखबीर सुबह चार बजे नींद से जागा तो उसकी पत्नी बेड पर नहीं थी। उसने कमरे की लाइट जलाई तो पत्नी का शव लटक रहा था। उसे नीचे उतार कर अस्पताल ले गया, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। एएसआई के मुताबिक परमिंदर कौर के परिजनों के बयान ले लिए गए है। विसरा रिपोर्ट आने के बाद आगे की जांच की जाएगी।