हरियाणा के हिसार स्थित गांव पाबड़ा में एक किसान ने बारिश से तीन एकड़ कपास की फसल खराब होने पर आत्महत्या कर ली। हालांकि पुलिस ने इत्तफाकिया कार्रवाई की है और शव का पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया, लेकिन किसान के बेटे का कहना है कि उसके पिता फसल खराब होने के कारण मानसिक तनाव में थे। इसी के चलते उन्होंने जहर पीकर जान दे दी।
जानकारी के अनुसार 52 वर्षीय किसान रामकुमार ने अपने तीन एकड़ खेत में कपास लगाया हुआ था। पिछले दिनों हुई बरसात के कारण उसकी फसल बर्बाद हो गई। उसके बेटे पौनी ने बताया कि फसल खराब होने के कारण उसके पिता तनाव में थे। वे कहते थे कि सारी मेहनत पर पानी फिर गया। इसी के चलते उसके पिता ने गुरुवार शाम को जहर पी लिया।
उपचार के लिए उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान शुक्रवार को उन्होंने दम तोड़ दिया। किसान रामकुमार के 18 वर्षीय पुत्र पौनी ने बताया कि उनके परिवार की आर्थिक हालत खराब है। उसकी एक बड़ी बहन है, जो शादीशुदा है। उसने आर्थिक तंगी के चलते पढ़ाई छोड़कर खुद किराने की दुकान की हुई है। उनकी तीन एकड़ भूमि है, लेकिन उसमें परिवार का गुजारा मुश्किल से होता है। उसने बताया कि उसके पिता ने भूमि पर कोई लोन आदि नहीं लिया था और न ही किसी से कर्ज लिया था। फसल से उम्मीद थी, लेकिन बरसात के कारण वह बर्बाद हो गई, जिसने उससे उसका पिता भी छीन लिया।