पानी कम होते ही 3-4 युवक तालाब में उतरे और बच्चे को बाहर निकाला। तब तक बच्चा दम तोड़ चुका था। बच्चे की मौत से गांव में शोक की लहर दौड़ गई। मृतक बच्चे के परिजनों ने गांव की पंचायत से मांग की है कि तालाब में चारदीवारी होनी चाहिए ताकि किसी और बच्चे की मौत न हो सके।
एसडीएम पूनम सिंह ने बच्चे की मौत पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि मामले में उन्होंने बीडीपीओं को जांच के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि लापरवाही के कारण ही ऐसे हादसे घटित हो जाते है।
‘पंचायत जल्द करवाएगी तालाब की चारदीवारी’
सरपंच सुमित्रा देवी के पति कृष्ण ने बताया बच्चे की मौत का उन्हें काफी दुख है। उन्होंने कहा कि पंचायत बनने के अभी कुछ ही समय हुए हैं। आचार संहिता लगने के कारण गांव का विकास कार्य अभी शुरू नहीं करा सके हैं। उन्होंने कहा कि चारदीवारी से पहले ही तालाब के चारों ओर पोल लगाकर तारबंदी करवा दी जाएगी।