पंचकूला में घूम रहे दो कुख्यात गैंगस्टर पुलिस के हत्थे चढ़े हैं। पूछताछ में उनके खतरनाक इरादों का खुलासा हुआ है।
कैश वैन लूटने और एक जेल अधीक्षक को मारने के मकसद से पंचकूला पहुंचे दो गैंगस्टर्स को पुलिस ने नाडा साहिब से गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस के मुताबिक स्काला कार में सवार आरोपियों को जब घग्घर नदी के साथ गुजरते हुए रास्ते पर रोकने की कोशिश की गई तो उन्होंने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। इस पर पुलिस ने भी जवाबी कार्रवाई की और अपनी ओर से एक गोली चलाई। इसके बाद पुलिस टीम ने दोनों आरोपियों को दबोच लिया। उनके कब्जे से पुलिस को छह पिस्टल और 140 जिंदा कारतूस बरामद हुए हैं।
अन्य प्रदेशों में मामला दर्ज: दोनों आरोपियों के खिलाफ चंडीगढ़, पटियाला, अंबाला, मेरठ सहित प्रदेश अन्य शहरों में भी आपराधिक वारदातों को अंजाम देने का मामला दर्ज है। आरोपियों की पहचान चुरू, राजस्थान निवासी गोविंद और डेराबस्सी निवासी हनीश ठाकुर के तौर पर हुई है।
पुलिस का दावा है कि आरोपियों से पूछताछ में पावर कालोनी में हुई लूट और हत्या के मामले का भी खुलासा होने की उम्मीद है। इनमें से एक आरोपी गोविंद शर्मा की शक्ल पावर कालोनी में हुए हादसे के बाद शिनाख्त किए गए आरोपी से मिलती जुलती है।
पुलिस कमिश्नर ओपी सिंह और डीसीपी अनिल धवन ने प्रेस कांफ्रेंस के दौरान मोस्टवांटेड आरोपियों की गिरफ्तारी के बारे में ये जानकारियां दी।
दोपहर दो से तीन बजे की घटना: पुलिस उपायुक्त अनिल धवन ने बताया कि नाडा साहिब के पास दोपहर बाद दो और तीन बजे के बीच की घटना है। जैसे ही सीआईए-एक इंचार्ज बलजीत सिंह ने ग्रे रंग की स्काला में सवार आरोपियों को रोकने की कोशिश की, उन्होंने फायरिंग शुरू कर दी।
इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपियों को दबोच लिया, जिन्होंने शुरुआती पूछताछ में बताया कि मंगलवार को दोनों घटना को अंजाम देने के लिए पिस्टल और कारतूस के साथ पंचकूला के लिए आए थे।