उमेद सिंह ने बताया कि मंगलवार अलसुबह तीन बजे परिजनों ने हिमांशु को संभाला तो वह अचेत मिला। इसके बाद वे हिमांशु को सिविल अस्पताल लेकर आए। इसके बाद सुबह चार बजे चिकित्सकों ने हिमांशु को मृत घोषित कर दिया। मामले की सूचना मिलते ही झोझूकलां थाना प्रभारी दलबीर सिंह अपनी टीम सहित अस्पताल पहुंचे और शव को अपने कब्जे में लिया।
पुलिस ने मृतक बच्चे के दादा उमेद सिंह के बयान पर आरोपी विपिन के खिलाफ हत्या का मामला दर्जकर लिया है। शव का पोस्टमार्टम चिकित्सकों के बोर्ड से करवाया गया। इसके बाद डीएसपी बली सिंह भी अस्पताल पहुंचे और मृतक के परिजनों व ग्रामीणों से वारदात को लेकर बातचीत की। एफएसएल टीम ने भी शव की जांच की।
गांव में हत्या का पहला मामला, दादा को भी दी धमकी
मंगलवार सुबह सिविल अस्पताल पहुंचे मंदौली के ग्रामीणों ने बताया कि 11 साल के बच्चे की जमीन पर पटककर हत्या करने का गांव में पहला मामला है। मृतक के दादा उमेद सिंह ने बताया कि हिमांशु सोमवार शाम घर से करीब 100 मीटर की दूरी पर गली में खेल रहा था। उसी दौरान आरोपी वहां पहुंचा और हिमांशु को दीवार तो कभी जमीन पर पटकता रहा। जब तक वह बच्चे के पास पहुंचा, तब तक आरोपी हिमांशु को पटकता रहा। जब वह मौके पर पहुंचा तो हिमांशु अचेत हो चुका था। जब उसने आरोपी की करतूत का विरोध किया तो उसने धमकी देते हुए कहा कि तेरा हाल भी ऐसा ही कर दूंगा।
पिता गया था गाड़ी लेकर, रास्ते में मिली बेटे की मौत की सूचना
हिमांशु के पिता विरेंद्र पेशे से चालक हैं। सोमवार को वह गाड़ी लेकर दादरी से कहीं बाहर गए थे। हिमांशु के साथ हुई वारदात की जानकारी उन्हें सोमवार शाम को ही फोन पर परिजनों ने दी थी। इसके बाद विरेंद्र अलसुबह घर लौट रहे थे। रास्ते में उन्हें छोटे बेटे की मौत की खबर मिली। विरेंद्र के बड़े बेटे मासूम की उम्र 15 साल है।
एसपी ने डीएसपी को सौंपी मामले की जांच
मामले की जांच एसपी विनोद कुमार ने डीएसपी बली सिंह को सौंप दी है। उन्होंने झोझूकलां थाना प्रभारी से मामले की पूरी जानकारी ली। डीएसपी ने बताया कि जांच पुलिस ने शुरू कर दी है और जल्द ही अगली कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।