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आशीष नेहरा के साथ अपने स्कूल पहुंचे युजवेंद्र चहल, बच्चों के सामने बताया सफलता का राज

Tue, 14 May 2019 12:06 AM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जींद (हरियाणा)
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युजवेंद्र चहल - फोटो : File Photo
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वर्ल्ड कप से पहले क्रिकेटर युजवेंद्र चहल सोमवार को जींद के डीएवी स्कूल पहुंचे। उनके साथ पूर्व तेज गेंदबाज आशीष नेहरा भी मौजूद रहे। स्कूल पहुंचने पर युजवेंद्र चहल का फूलमालाओं से स्वागत किया गया। डीएवी स्कूल पहुंचने पर चहल ने कहा कि स्कूल में आकर मुझे काफी अच्छा लगा। पुरानी यादें ताजा हो गई हैं। 

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विद्यार्थियों को समझाते हुए युजवेंद्र चहल ने कहा कि अगर आप कुछ पाना चाहते हैं तो उस काम को आपका शत प्रतिशत देना होगा। जीवन में सफलता पाने के लिए आपको सिर्फ मेहनत करने की जरूरत है। अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के दौरान मुसीबतें आती हैं, लेकिन उनका सामना करना चाहिए। चाहे आप कोई अधिकारी बनना चाहते हों या फिर खेल में नाम कमाना चाहते हों।

आपको अपने लक्ष्य के लिए पूरे दिल से मेहनत करनी होगी। मुझे खेलों में आगे लाने में मेरे गुरुओं का विशेष महत्व है। उन्होंने मुझे हमेशा आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। उम्मीद है कि भारतीय टीम क्रिकेट विश्व कप में अच्छा प्रदर्शन कर विश्व विजेता का खिताब अपने नाम करने की कोशिश करेगी। 

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युजवेंद्र विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा स्त्रोत : डॉ: धर्मदेव

डॉ. धर्मदेव विद्यार्थी ने कहा कि युजवेंद्र ने स्कूल का ही नहीं क्षेत्र का नाम अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर रोशन किया है। स्कूल युजवेंद्र की यादों को संभाल कर रखे हुए है। स्कूल समय में ही युजवेंद्र का चयन राष्ट्रीय स्तर की टीम में हो गया था। युजवेंद्र के आने से स्कूल में खुशी का माहौल है। युजवेंद्र सभी विद्यार्थियों के लिए एक प्रेरणा स्त्रोत हैं। इससे प्रेरित होकर विद्यार्थी पढ़ाई के साथ-साथ खेलों में भी आगे बढ़कर स्कूल के साथ-साथ क्षेत्र का नाम रोशन कर रहे हैं। 

छुट्टी चाहिए तो मुझे मेसेज कर देना
कार्यक्रम के दौरान डॉ. धर्मदेव विद्यार्थी ने कहा कि युजवेंद्र का चयन जब भारतीय टीम में हुआ था तो स्कूल में एक दिन का अवकाश किया गया था। वहीं अगर भारतीय टीम वर्ल्ड कप जीतती है तो स्कूल में दो दिन की छुट्टी की जाएगी, ताकि स्कूल के बच्चे इस खुशी को अपने तरीके से मना सकें। वहीं जब भी युजवेंद्र चहल स्कूल में आते हैं तो स्कूल में छुट्टी की जाती है।

बच्चों के लिए छुट्टी का दिन ही खुशी व्यक्त करने का दिन होता है। इस पर युजवेंद्र चहल ने विद्यार्थियों से कहा कि अगर मेरे आने से स्कूल में छुट्टी होती है तो जब कभी आपको छुट्टी चाहिए तो आप मुझे मेसेज कर देना मैं स्कूल आ जाऊंगा। 
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