फिलहाल राज्य में कोरोना से प्रभावित लोगों की संख्या नवांशहर में सबसे अधिक 19 है, जबकि मोहाली में 12, होशियारपुर में 7, जालंधर में 6, अमृतसर 5, लुधियाना में 4, मानसा 3 और पटियाला व रोपड़ में एक-एक मामला सामने आया है।
सूबे कहां-कब हुई मौत
- सबसे पहले 18 मार्च को नवांशहर जिले के गांव पठलावा के बुजुर्ग पाठी की मौत हुई, जो बीते दिनों जर्मनी से आया था।
- नवांशहर के पाठी संपर्क में आने से 29 मार्च को होशियारपुर के एक व्यक्ति की मौत हो गई। वह अमृतसर में भर्ती था।
- 30 मार्च को लुधियाना की 42 साल की महिला की पटियाला के राजिंदरा अस्पताल में भर्ती कराने और संक्रमण की पुष्टि होने के कुछ ही घंटे बाद मौत हो गई थी।
- 31 मार्च को चंडीगढ़ पीजीआई में भर्ती मोहाली के 65 साल के व्यक्ति ने दम तोड़ दिया।
- 03 अप्रैल को अमृतसर के श्री गुरु नानक देव जी अस्पताल में भर्ती श्री हरमंदिर साहिब के पूर्व रागी भाई निर्मल सिंह का निधन हो गया।
भाई निर्मल सिंह खालसा की बेटी में भी कोरोना पॉजिटिव
कोरोना पॉजिटिव पद्श्री निर्मल सिंह खालसा की बेटी भी कोरोना पॉजिटिव पाई गई है। अभी तक स्थानीय सिविल अस्पताल में दाखिल थीं। रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद उसे ट्रॉमा वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया है। जालंधर के लोहियां में रहने वाली भाई निर्मल सिंह की बेटी दो दिन पहले ही अपने पिता को अमृतसर मिलकर आई थी।
खालसा के परिवार के पांच सदस्यों को सिविल अस्पताल में आइसोलेट किया गया था। स्थानीय प्रशासन की तरफ से लोहियां इलाके में उस गली को पूरी तरह से सील कर रखा है, जहां भाई खालसा का परिवार रहता था। वहां पर काफी लोगों को क्वारंटीन किया गया है।
निजामुद्दीन मरकज से बुडलाडा पहुंचे तीन तब्लीगी जमाती कोरोना पॉजिटिव मिले हैं। इन्हें मानसा के सिविल अस्पताल में दाखिल कराया गया है। वहीं इनके छह साथियों की रिपोर्ट निगेटिव आई है। दो की रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। सभी जमाती छत्तीसगढ़ के रहने वाले हैं। सिविल सर्जन डॉ. लालचंद ठुकराल ने बताया दिल्ली स्थित निजामुद्दीन मरकज से छत्तीसगढ़ के रहने वाले 11 तब्लीगी जमाती 19 मार्च को बुडलाडा स्थित मस्जिद पहुंचे थे।
कर्फ्यू लगने के कारण सभी यहीं फंस गए थे। सूचना मिलने पर दो दिन पहले प्रशासन ने स्वास्थ्य विभाग से सभी की जांच कराई। शुक्रवार की शाम 9 लोगों को रिपोर्ट आई। इनमें से मोहम्मद रफी (46), 45 और 35 वर्षीय दो महिलाओं की जांच रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। छह अन्य लोगों की रिपोर्ट निगेटिव आई है। दो लोगों की जांच रिपोर्ट अभी नहीं आई है।
रोपड़ में मिला पॉजिटिव
रोपड़ जिले में कोरोना वायरस ने दस्तक दे दी है। मोरिंडा के गांव चतांवली के एक व्यक्ति की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। डीसी सोनाली गिरी ने बताया कि मरीज शुगर की बीमारी से पीड़ित था और चंडीगढ़ के सेक्टर- 16 के अस्पताल में इलाज चल रहा था। सेहत विभाग ने मरीज के परिवार के सात सदस्यों को होम क्वारंटीन करने की बात कही है। जानकारी के अनुसार कुछ दिन पहले मोरिंडा के एक गुरुद्वारा साहिब में लगाए मेडिकल कैंप में एक विदेशी व्यक्ति ने शिरकत की थी जिसके कारण इस मरीज के पॉजिटिव आने का शक है।
गुरु नगरी में शुक्रवार को तीन कोरोना पॉजिटिव केस सामने आए। इनमें एक ऐसा व्यक्ति कोरोना पॉजिटिव पाया गया है जो न तो पूर्व हजूरी रागी निर्मल सिंह के संपर्क में था और न ही विदेश से लौटा है। कृष्णा नगर में रहने वाला और कढ़ाई का काम करने वाला 67 वर्षीय व्यक्ति गुरुनानक देव अस्पताल के आइसोलेशन वार्ड में दाखिल है। वहीं निर्मल सिंह खालसा की चाची और हॉरमोनियम पर उनका साथ देने वाले साथी की रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है।
बुधवार को छाती में इन्फेक्शन की वजह से वह गुरुनानक देव अस्पताल पहुंचा था। चिकित्सकीय जांच के बाद उसे आइसोलेशन वॉर्ड में दाखिल करवा दिया गया। उसके गले से सैंपल जांच के लिए मेडिकल कॉलेज स्थित इंफ्लुएंजा लैब में भेजे गए। शुक्रवार शाम आई रिपोर्ट में उसे कोरोना की पुष्टि हुई। इस शख्स के पॉजिटिव होने के बाद स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन में खलबली मच गई।
पुलिस और स्वास्थ्य विभाग की टीमें शाम ही को कृष्णा नगर स्थित उसके घर पहुंचीं और उसके दो बेटों, पत्नी, बहू, आठ माह की पोती को गुरुनानक देव अस्पताल के आइसोलेशन वॉर्ड में दाखिल करवा दिया गया। डॉक्टरों ने सभी का सैंपल जांच के लिए भेज दिया है। मरीज के बेटे ने बताया कि उसके पिता शहर से कभी बाहर नहीं गए।
27 मार्च के बाद से तो वह घर से भी नहीं निकले। सेहत विभाग के लोक संपर्क अधिकारी अमरदीप सिंह ने बताया कि निर्मल सिंह खालसा के परिवार और उनके मेहमानों के सैंपल की जांच की गई है जिसमें सात की रिपोर्ट निगेटिव आई है।
एक दिन की राहत के बाद शुक्रवार को फिर से वीआईपी सिटी में दो कोरोना पॉजिटिव केस सामने आए हैं। इनके सामने आने के बाद जिले में कोरोना पॉजिटिव केसों की कुल संख्या 12 हो गई है। ये दोनों लोग तब्लिगी जमात से होकर लौटे थे। दिल्ली में हुए तब्लिगी जमात समारोह में शामिल होकर लौटे लोगोें ने सेहत विभाग की दिन-रात की मेहनत पर पानी फेर दिया है। इस समारोह से लौटकर आए ज्यादातर लोग कोरोना संदिग्ध हैं और कुछ की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है।
जमात के लोगों की मोहाली में मौजूदगी ने हालात बिगड़ने की आशंका पैदा कर दी है। सेहत विभाग ने जमात के लोगों के संपर्क में आने वालों की तलाश शुरू कर दी है। कोरोना को लेकर मोहाली के लिए यह सप्ताह चिंता पैदा करने वाला रहा। इस हफ्ते कोरोना संक्रमण के कारण एक मौत के साथ ही अब तब्लिगी जमात के लोगों ने सेहत विभाग और प्रशासन के साथ आम लोगों की चिंता भी बढ़ा दी है। शुक्रवार को जिला मोहाली में दो लोगों की सैंपल रिपोर्ट कोरोना पॉजिटिव आई है।
इनमें से एक कोरोना पीड़ित सेक्टर-68 में रहने वाले 62 साल के बुजुर्ग हैं और दूसरा गांव मौली में रहने वाला 42 साल का युवक है। यह दोनों लोग दिल्ली में तब्लिगी जमात समारोह में शामिल होकर आए थे। सेहत विभाग ने जमात में शामिल होकर लौटे 12 लोगों को सेक्टर-68 के मौली बैदवान से लाकर अस्पताल में क्वारंटीन कर लिया है। यह सभी दिल्ली के हजरत निजामुद्दीन में हुई तब्लिगी जमात में हिस्सा लेकर आए थे। इनमें से दो जमातियों की सैंपल रिपोर्ट पॉजिटिव आई है।
हालांकि 5 जमातियों की ब्लड सैंपल रिपोर्ट निगेटिव आई है, और 5 जमातियों की रिपोर्ट का अभी इंतजार है। मोहाली का सेक्टर-68 वीआईपी सिटी के पॉश इलाकों में गिना जाता है। जमातियों की मौजूदगी और उसके बाद दो जमातियों के कोरोना पॉजिटिव आने के बाद पूरे इलाके को सील कर दिया है। नगर निगम की टीम पूरे एरिया को आइसोलेट कर रही है। उधर, इन जमातियों की ओर से सहयोग नहीं मिलने के कारण सेहत विभाग और पुलिस को इनके संपर्क में आए लोगों को तलाशने में भारी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है।