प्रदेश के स्वास्थ्य और खेल मंत्री अनिल विज ने एक बार फिर विवादित बयान दिया है। इस बार उन्होंने कांग्रेस नेता कैप्टन अजय यादव के ट्विट पर हमला करते हुए कहा है कि सुभाष चंद्र बोस के परिवार की जासूसी कराने वाले पूर्व प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू की पूरी नस्ल का बहिष्कार करना चाहिए और सभी जगह से पूरी नस्ल का नाम ही मिटा देना चाहिए।
विज का यह जवाब विपक्ष के उस हमले का जवाब माना जा रहा है, जिसमें विपक्ष ने विज को प्रदेश में बने स्टेडियम के नाम राजीव गांधी से हटाकर शहीद भगत सिंह रखने पर कड़ी प्रतिक्रिया दी थी। कांग्रेसियों ने विज को सलाह दी थी कि वे शहीदों के नाम पर ओछी राजनीति न करें।
जवाब में विज ने कहा कि सुभाष चन्द्र बोस ने अंग्रेजी हुकूमत के छक्के छुड़ा दिए थे। लगभग 26 हजार आईएनए सिपाहियों ने कुर्बानी दी थी।
सुभाष चंद्र बोस के परिवार की जासूसी कराने वाले ऐसे प्रधानमंत्री के परिवार की नस्ल का नाम ही देश में नहीं रहना चाहिए। वहीं कांग्रेस नेता कैप्टन अजय यादव ने रविवार को टि्विट किया था कि विज अपना मानसिक संतुलन खो चुके हैं।