बीमा क्लेम के पूरा अमाउंट अदा न करने पर उपभोक्ता फोरम ने सख्ती की है। उपभोक्ता फोरम ने बीमा कंपनी और मेडकॉर्प टीपीए प्राइवेट लिमिटेड को निर्देश दिया है कि वह शिकायतकर्ता को संयुक्त रूप से 14 हजार 580 रुपये बैलेंस बीमा क्लेम अदा करे।
उक्त राशि पर 9 प्रतिशत वार्षिक की दर से ब्याज भी अदा करने का निर्देश दिया गया है। इसके अलावा मानसिक और शारीरिक ह्रासमेंट के लिए 15 हजार रुपये मुआवजा और 10 हजार रुपये मुकदमा खर्च अदा करने का निर्देश दिया है।
यह निर्देश जिला उपभोक्ता विवाद निवारण फोरम-1 की प्रजाइडिंग मेंबर सुरजीत कौर और सदस्य सुरेश कुमार सरदाना ने सुनवाई के बाद दिया हैं।
अंकित अग्रवाल निवासी मॉडर्न हाउसिंग कांपलेक्स मनीमाजरा ने सेक्टर-22 बी स्थित ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड और इंडस्ट्रियल एरिया फेज-2 चंडीगढ़ स्थित मेसर्स विपुल मेडकॉर्प टीपीए प्राइवेट लिमिटेड के खिलाफ उपभोक्ता फोरम में शिकायत दी थी।
उन्होंने बताया कि उन्होंने ओरिएंटल इंश्योरेंस कंपनी लिमिटेड से हैप्पी फैमिली फ्लोटर पॉलिसी लीथी। इसकी अवधि 29 मार्च 2014 से 28 मार्च 2015 तक की थी। इस पॉलिसी में वे स्वयं और उनके आश्रित माता पिता आनंद प्रकाश और डेजी रानी भी बीमा कवर में थे।
शिकायतकर्ता ने उपभोक्ता फोरम को बताया कि उनके आश्रित आनंद प्रकाश का विरदी आई हास्पिटल में आपरेशन हुआ। उन्हें 19 दिसंबर 2014 को अस्पताल से डिस्चार्ज किया गया । अस्पताल में उनसे 36 हजार रुपये चार्ज किया गया। इस संबंध में वे 23 दिसंबर 2014 को मेसर्स विपुल मेडकॉर्प टीपीए प्राइवेट लिमिटेड को सूचित किया और उसी दिन क्लेम के लिए आवेदन किया।
लेकिन उन्हें 21 हजार 420 रुपये अदा किए। बाकी राशि नहीं दी। बीमा कंपनी ने कहा कि उन्होंने सेवा में कोताही नहीं की है। जबकि मेसर्स विपुल मेडकॉर्प टीपीए प्राइवेट लिमिटेड को उपभोक्ता फोरम ने एक्सपार्टी करार दिया है।