मुख्य सचिव ने की 100 करोड़ रुपये से अधिक लागत की 25 परियोजनाओं की समीक्षा
चंडीगढ़। 31 मई तक हरियाणा को छह सरकारी नर्सिंग काॅलेज मिल जाएंगे। 194 करोड़ रुपये की लागत से तैयार हो रहे इन काॅलेजों के भवन का निर्माण अंतिम चरण में है। इसी प्रकार, करनाल के कुटैल में पंडित दीन दयाल उपाध्याय स्वास्थ्य विज्ञान विश्वविद्यालय का निर्माण कार्य भी पूरा हो चुका है, जबकि चिकित्सा उपकरणों की खरीद और फैकल्टी व अन्य कर्मचारियों की भर्ती का कार्य प्रगति पर है। इस विश्वविद्यालय का निर्माण 761.51 करोड़ रुपये की लागत से हो रहा है और इसके शीघ्र ही चालू होने की संभावना है।
यह जानकारी प्रदेश के मुख्य सचिव डाॅ. विवेक जोशी ने दी। वे शुक्रवार को यहां 100 करोड़ रुपये से अधिक लागत की 25 परियोजनाओं की समीक्षा कर रहे थे। कुल 17,516 करोड़ रुपये से अधिक लागत की ये परियोजनाएं उद्योग एवं वाणिज्य, चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान, सिंचाई एवं जल संसाधन तथा जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभागों से संबंधित हैं।
बैठक में स्वास्थ्य विभाग के एसीसी सुधीर राजपाल ने बताया कि भिवानी में 535.55 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले राजकीय मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य भी पूरा हो चुका है, जबकि बायो मेडिकल उपकरण लगाने का काम शुरू हो चुका है और इस साल मार्च तक प्रोजेक्ट पूरा होने की संभावना है। फैकेल्टी और अन्य स्टाफ की भर्ती का काम प्रगति पर है।
अधिकारियों का पैनल करेगा समय सीमा की समीक्षा
बैठक के दौरान मुख्य सचिव ने अधिकारियों को सिंचाई एवं जल संसाधन, उद्योग एवं वाणिज्य, लोक निर्माण (भवन एवं सड़कें) और जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभागों के अधिकारियों का एक पैनल गठित करने के निर्देश दिए। यह पैनल परियोजना समयसीमा की समीक्षा करेगा। डॉ. विवेक जोशी ने अधिकारियों को सख्त निर्देश देते हुए कहा कि लापरवाह ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई करें और ऐसे ठेकेदारों को ब्लैक लिस्ट भी किया जाए।
इन प्रोजेक्ट की भी समीक्षा
मुख्य सचिव ने आई.एम.टी. सोहना में बुनियादी ढांचे के विकास, ग्लोबल सिटी प्रोजेक्ट्स में बुनियादी ढांचे के विकास, इंटीग्रेटेड मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक हब के निर्माण, श्री गुरु तेग बहादुर साहिब राजकीय मेडिकल कॉलेज, पंजूपुर, भगत फूल सिंह राजकीय मेडिकल कॉलेज के चरण तीन के निर्माण और सिरसा में संत सरसाई नाथ जी राजकीय मेडिकल कॉलेज की स्थापना की भी समीक्षा की।