बीते 21 मार्च को भुलत्थ के ब्लाक नडाला के गांव में जिला प्रशासन ने नियमों को ताक पर रखकर एक ऐसे व्यक्ति से विकास कार्यों की आधारशिला रखवाई, जो कभी किसी गांव का पंच तक नहीं चुना गया और विधानसभा चुनाव में हार का सामना करना पड़ा। यह व्यक्ति खुद को भुलत्थ विधानसभा का प्रभारी बताता है। मगर मुख्यमंत्री ने ऐसे किसी भी प्रकार की गैर-सांविधानिक व गैर-कानूनी प्रणाली को मान्यता नहीं दी है।
यह मामला सीधे मेरे विशेषाधिकारों का हनन है। खैरा ने नींव पत्थर को हटवाने की मांग भी की। उन्होंने अधिकारियों पर कार्रवाई की भी मांग उठाई। कहा कि मामले को प्रीविलेज कमेटी को भी सौंपा जाए।
ऐसे ही उद्घाटन करेंगे: रणजीत सिंह राणा
भुलत्थ विधानसभा के आप प्रभारी रणजीत सिंह राणा ने कहा कि वह तो ऐसे ही विकास कार्यों के उद्घाटन व नींव पत्थर रखेंगे। सुखपाल सिंह खैरा जहां चाहे शिकायत कर लें, क्योंकि यह परंपरा उनकी ही शुरू की हुई है। वह अपना समय भूल गए हैं, जब उनका बेटा भी ऐसे ही उद्घाटन करता था... तब उल्लंघन नहीं होता था। अब सुखपाल सिंह खैरा क्यों तिलमिला रहे हैं?
प्रशासन ने नहीं किया कोई उल्लंघन: एसडीएम
भुलत्थ के एसडीएम संजीव शर्मा ने कहा कि प्रशासन ने किसी भी तरह का कोई उल्लंघन नहीं किया है। विकास कार्य का नींव पत्थर पंचायत ने पंचायती राज के नियमानुसार बीडीपीओ की मौजूदगी में रखवाया है। पंचायत ने किसे मेहमान के तौर पर बुलाया है, इस बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं है। इस बारे में ग्राम पंचायत से ही पूछे तो ज्यादा अच्छा होगा।