वाड्रा डीएलएफ लैंड डील के मामले से जुड़ी फाइल से दस्तावेज गायब होने की घटना के बाद विपक्ष ने भाजपा को घेरना शुरू कर दिया है। कांग्रेस विधायक दल की नेता किरण चौधरी ने कहा है कि भाजपा अपनी गलतियों पर परदा डालने और अपनी नाकामियों से लोगों को ध्यान बंटाने के लिए वाड्रा-डीएलएफ लैंड डील जैसे खत्म हो चुके मुद्दे बार-बार उठा रही है।
शनिवार को जारी एक बयान में पूर्व मंत्री ने कहा कि वाड्रा डीएलएफ लैंड डील कोई मुद्दा नहीं है लेकिन भाजपा कुछ समय के बाद इसे उठाती रहती है। उन्होंने कहा कि भाजपा इसमें किसी भी तरह के गलत काम को साबित करने में नाकाम रही है। दरअसल हरियाणा सरकार की तरफ से यह अपनी असफलताओं को छिपाने के लिए किया जा रहा है।
किरण चौधरी ने कहा कि यह सब कुछ ऐसे समय में किया जा रहा है जब सरकार द्वारा यूरिया की उपलब्धता को सुनिश्चित करने में नाकाम रहने पर किसानों ने उसके खिलाफ मोर्चा खोल दिया है।
उन्होंने कहा कि वाड्रा मामले की फाइलों का गुम होना और फिर मुख्यमंत्री द्वारा अपने मुख्य सचिव से इसकी जांच व दोषियों को सजा देने के लिए निर्देश देना, सरकार की नाकामी दर्शाता है कि वह अपने रिकार्ड को सुरक्षित नहीं रख सकी। उन्होंने कहा कि ऐसी सरकार जो कि अपने रिकार्ड को ही सुरक्षित नहीं रख सकती, वह लोगों की सुरक्षा को क्या सुनिश्चित करेगी। चौधरी ने कहा कि लोगों का ध्यान बंटाने वाली इस तरह की कूटनीति खट्टर सरकार के किसी उद्देश्य को पूरा नहीं कर सकती है। लोग पहले ही भाजपा सरकार की नाकामियों को लेकर चर्चा करने लगे हैं।
चौधरी ने कहा कि लोगों को अब यह अहसास होने लगा है कि उनके चुनावों के समय में की गई पसंद गलत थी। उन्होंने कहा कि जब जब राज्य में चुनाव होते हैं भाजपा बार बार इस मुद्दे को उठाती है।