कांग्रेस ने सोमवार को अपने मेनिफेस्टो के साथ ही राज्य सरकार के खिलाफ दस पेज की चार्जशीट भी जारी की है। इसमें सरकार पर लूटने, पीटने और मारने की नीति का आरोप लगाया गया है।
कांग्रेस ने पिछले दस वर्षों को अकाली कुशासन का नाम देते हुए तर्क दिया है कि क्यों लोगों के लिए खुद को अकाली-भाजपा के राज से मुक्त कराना जरूरी है। सरकार पर लोगों को वित्तीय घोटाले, आर्थिक घोटाले, अराजकता, नीतिगत ठहराव व तरक्की में शर्मनाक गिरावट के जरिए अंधेरे में धकेलने का आरोप लगाया गया है।
कांग्रेस ने चार्जशीट में आरोप लगाया है कि बादल पिता-पुत्र के लिए परिवार पहले, राज्य बाद में है। तभी कुछ लोग करोड़पति बन गए और सूबा गहराइयों में डूब गया।
'बादल सरकार की लूटने, पीटने और मारने की नीति'
कांग्रेस की चार्जशीट
- फोटो : अमर उजाला
पार्टी ने सरकार पर नशा माफिया को बढ़ावा देने और युवाओं का भविष्य गिरवी रखने का आरोप लगाया है। कहा है कि नशा व्यापारी शिअद-भाजपा प्रशासन के सदस्य हैं।
चार्जशीट में कहा गया है कि नशा, खनन, शराब, रेत, केबल, ट्रांसपोर्ट व लॉटरी माफिया समेत खाद्य घोटाला, सफाई घोटाला, घर व भर्ती घोटाला, शिक्षा घोटाला व किसानों को धोखा देना दर्शाता है कि बादल सरकार ने सीधे या परोक्ष रूप से भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया।
चार्जशीट में लोगों के बीच असुरक्षा, पुलिस-प्रशासन में अव्यवस्था, अपराध के आंकड़ों में बढ़ोतरी, पावन स्वरूपों की बेअदबी, किसानों की आत्महत्याओं, औद्योगिक निवेश के पलायन, कृषि क्षेत्र की चमक खत्म होने और बेरोजगारी का भी जिक्र किया गया है।
साथ ही सरकार पर नीतिगत स्थिरता व सरकारी असफलता के जरिए वित्तीय, मानवीय व प्राकृतिक संसाधनों को हानि पहुंचाने का आरोप लगाया गया है।
पार्टी ने आरोप लगाया है कि शिक्षा के मानकों में गिरावट आई है, सेहत संभाल घटिया स्तर की है, दलितों व ओबीसी वर्ग को उनके अधिकारों से वंचित किया जा रहा है।