असेंबली सेशन के दौरान पंजाब कांग्रेस का विरोध प्रदर्शन
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विधानसभा में कांग्रेस के 40 घंटे के धरने ने राजनीति के समीकरण ही बदल दिए। इसके बाद पार्टी फ्रंटफुट पर और सरकार बैकफुट पर आ गई। धरने के बाद कांग्रेस को जितनी मीडिया कवरेज मिली, उतनी शायद अविश्वास प्रस्ताव पर बोलने पर भी नहीं मिलती।
कांग्रेस की यूथ ब्रिगेड ने सोशल मीडिया पर भी इसे हिट कराया। अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग समेत कई विधायकों ने विडियो बना कर सोशल मीडिया पर डाले। सत्र के आखिरी दिन कांग्रेस ने भी हंगामे का मन बना लिया था। सरकार की मजबूरी थी कि उसे बिल पास कराने थे, लिहाजा सत्तधारियों को शांत रहना था।
इसी बीच तरलोचन सूंड ने बिक्रम मजीठिया की तरफ जूता फेंक दिया। जिससे सीनियर नेता सुनील जाखड़, रजिंदर कौर भट्ठल, लाल सिंह, ब्रह्म मोहिंद्रा सकते में आ गए और अपनी सीटों पर जा बैठे। पर फौरन ही सीनियर नेताओं ने डैमेज कंट्रोल किया और रणनीति बना कर बात को संभाल लिया।