शहर के कम्युनिटी सेंटरों परिसर के ओपन स्पेस और ग्रीन एरिया क्षेत्र में जल्द ही डीजे और साउंड सिस्टम चलाने पर पाबंदी लगने जा रही है। सामुदायिक केंद्रों के लिए जो कमेटी का गठन किया है उसने कम्युनिटी सेंटर परिसर के अंदर ही डीजे लगाने की सिफारिश की है। कमेटी की ओर से कम्युनिटी सेंटर की सुविधाओं को भी अपग्रेड करने की रिपोर्ट तैयार की जा रही है। निगम के कमेटी सदस्यों ने खुले में डीजे चलाने पर पूरी तरह से पाबंदी लगाने का निर्णय लिया है।
इस समय शहर में 44 कम्युनिटी सेंटर है। कम्युनिटी सेंटर में अधिकतर लोग परिसर के ओपन स्पेस में बैठने और डांस की व्यवस्था करते है जबकि डीनर हाल के भीतर करते है। कम्युनिटी सेंटरों के आसपास का जितना भी रिहायशी इलाका होता है वहां के निवासियों की शादियों की सीजन में परेशानी काफी बढ़ जाती है।
कमेटी के चेयरमैन एवं पूर्व मेयर अरुण सूद का कहना है कि सभी कम्युनिटी सेंटर के भीतर जो हाल है उनको साउंड प्रूफ बनाया जाएगा। इसके साथ ही कम्युनिटी सेंटर परिसर में जो ओपन स्पेस और ग्रीन एरिया है वहां पर डीजे पर पूरी तरह से पाबंदी लगाई जाएगी। उनका कहना है कि कमेटी की एक बैठक और होनी है इसके बाद पूरी रिपोर्ट अगले माह होने वाली सदन की बैठक में चर्चा के लिए लाई जाएगी।
धार्मिक आयोजन पर है पाबंदी
इस समय कम्युनिटी सेंटरों में धार्मिक आयोजन पर पाबंदी लगाई हुई है। ऐसे में कमेटी यहां पर धार्मिक आयोजन के लिए बुकिंग शुरू करने पर विचार कर रही है। मालूम हो कि 10 बजे तक साउंड की मंजूरी मिलने के कारण अब शहर में जागरण काफी कम हो गए है जिनके बदले में माता की चौकी का आयोजन किया जा रहा है जो कि रात 10 बजे तक समाप्त हो जाती है।