पाकिस्तान में हालात को बहुत अनिश्चित बताते हुए कैप्टन ने कहा कि कोई नहीं जानता कि वहां सरकार कौन चला रहा है या उस देश में क्या चल रहा है। उन्होंने कहा कि अगर इमरान खान सरकार चला रहे हैं तो उन्हें लगाम (पाक सेना और आतंकवादी समूहों पर) कसनी चाहिए। अगर वह ऐसा नहीं कर सकते तो फिर उनके हाथों में कुछ भी नहीं है। कैप्टन ने आगे कहा, ‘मेरा संदेश बहुत स्पष्ट है कि पंजाब के साथ गड़बड़ मत करो।’
मैंने और मनमोहन ने उठाया था कॉरिडोर का मुद्दा : कैप्टन
कैप्टन अमरिंदर सिंह ने कहा कि श्री गुरु ग्रंथ साहिब की 400वीं वर्षगांठ के मौके पर कॉरिडोर के मुद्दे को उन्होंने और डा. मनमोहन सिंह ने पाकिस्तानी नेता परवेज मुशर्रफ और परवेज इलाही के समक्ष उठाया था। वे पूरी तरह कॉरिडोर के पक्ष में थे क्योंकि वे पाकिस्तान के साथ व्यापार वृद्धि के साथ शांति चाहते थे। कैप्टन ने कहा कि मौजूदा हालात में पाकिस्तान पर भरोसा नहीं किया जा सकता।
करतारपुर कॉरिडोर के मुद्दे पर, मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि हर पंजाबी इससे बहुत खुश है और इसका सवाल ही पैदा नहीं होता कि कॉरिडोर से आतंकवादियों को भारत में प्रवेश का मौका मिल सकेगा। उन्होंने आगे कहा कि किसी को चिंता करने की जरूरत नहीं है क्योंकि कॉरिडोर की उच्चस्तरीय सुरक्षा व्यवस्था होगी।
नहीं लौट पाएगा आतंकवाद
पंजाब में आतंकवाद को किसी भी कीमत पर लौटने की अनुमति नहीं देने की बात पर कायम मुख्यमंत्री ने कहा कि समय बदल चुका है। उस समय पंजाब के पास 20,000 से भी कम पुलिस बल था। अब 81,000 पुलिस बल सुरक्षा करने में सक्षम हैं। फिर भी, अगर हालात हाथ से निकले, तब भारतीय सेना है। सेना देश के किसी भी खतरे से निपटने को तैयार है।