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ट्रिब्यूनल को लेकर वकील और हरियाणा सरकार आए आमने-सामने, दोनों ही पीछे हटने को तैयार नहीं

Tue, 30 Jul 2019 09:55 AM IST
खुशबू गोयल न्यूज डेस्क/अमर उजाला, चंडीगढ़
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फाइल फोटो
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हरियाणा एडमिनिस्ट्रेटिव ट्रिब्यूनल गठन को लेकर वकील और सरकार आमने सामने आ गए हैं। हरियाणा सरकार जहां ट्रिब्यूनल के गठन पर कदम खींचने को तैयार नहीं है, वहीं पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के वकील भी मांग पर अड़े हैं। वकीलों ने सोमवार को बैठक कर अगले सोमवार तक कामकाज ठप रखने का फैसला लिया है। साथ ही दोपहर को हाईकोर्ट से राज्यपाल के आवास तक पैदल मार्च निकालते हुए ट्रिब्यूनल की नोटिफिकेशन रद्द करने के लिए राज्यपाल को ज्ञापन भी सौंपा।
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हरियाणा एडमिनिस्ट्रेटिव ट्रिब्यूनल गठित किए जाने के लिए 24 जुलाई को नोटिफिकेशन जारी की गई थी। इसके अगले दिन से हाईकोर्ट के वकील ट्रिब्यूनल गठन के खिलाफ वर्क सस्पेंड कर चुके हैं। तब से हाईकोर्ट में वकीलों ने कामकाज पूरी तरह से ठप रखा है। वकीलों की ओर से हरियाणा सरकार पर इस नोटिफिकेशन को वापस लेने के लिए दबाव बनाया जा रहा है। सोमवार सुबह बार एसोसिएशन की आम बैठक में सभी सदस्यों ने सर्वसम्मति से तब तक काम पर लौटने से इनकार कर दिया जब तक सरकार इस ट्रिब्यूनल को गठित करने की नोटिफिकेशन वापिस नहीं लेती।

सोमवार को लगातार दो घंटे तक बार चली एसोसिएशन की बैठक के बाद सदस्यों ने हरियाणा के मुख्यमंत्री के आवास पर जाकर इस ट्रिब्यूनल के विरोध में मांग पत्र देने की घोषणा की थी। बाद में निर्णय लिया गया कि हरियाणा के मुख्यमंत्री के बजाय राज्यपाल को मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा जाएगा। इसके बाद भारी संख्या में वकीलों ने हरियाणा राजभवन की और पैदल मार्च किया और राजभवन के बाहर धरने पर बैठ गए। बाद में बार एसोसिएशन के अध्यक्ष सहित एक प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल से मिलकर अपनी मांगों को उसके सामने रखा।
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वकीलों ने कहा कि ट्रिब्यूनल का गठन वकीलों के हितों के खिलाफ है और ऐसे में इसकी नोटिफिकेशन को वापस लिया जाए।
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एडवोकेट जनरल के खिलाफ प्रस्ताव

बार एसोसिएशन की बैठक में हरियाणा सरकार से खफा वकीलों ने हरियाणा के एडवोकेट जनरल बीआर महाजन की बार एसोसिएशन की सदस्यता रद्द करने तक की मांग कर दी। इस दौरान कहा गया कि उन्होंने वकीलों के हितों को ध्यान में नहीं रखा। ऐसे में बार एसोसिएशन को उनकी सदस्यता रद्द करने के लिए उन्हें नोटिस भेजना चाहिए।

हाईकोर्ट ने शुरू की केस ट्रिब्यूनल को रेफर करने की प्रक्रिया
ट्रिब्यूनल के गठन के बाद से ही वकीलों का विरोध चल रहा है। इसी विरोध के बीच अब हाईकोर्ट ने कर्मचारियों से जुड़े मामलों को ट्रिब्यूनल को रेफर करना आरंभ कर दिया है। जस्टिस अमित रावल ने ऐसे भी एक मामले में ज्यूडिशियल ऑर्डर पास करके केस को ट्रिब्यूनल गठित होने के चलते अब ट्रिब्यूनल को रेफर कर दिया है।
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