चंडीगढ़ और मोहाली की सीमा पर बीते कई महीनों से पक्का मोर्चा लगाए बैठे कौमी इंसाफ मोर्चा के प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच टकराव हो गया। सिख बंदियों की रिहाई के लिए मंगलवार को कौमी इंसाफ मोर्चा के सैकड़ों सदस्यों की तरफ से मार्च निकाला जा रहा था। लेकिन इस दौरान अपनी मांगों को लेकर मार्च में मौजूद लोग चंडीगढ़-मोहाली हाईवे पर आईएसबीटी-43 बस स्टैंड के सामने सड़क के बीच बैठ गए और नारेबाजी शुरू कर दी। इस वजह से वहां ट्रैफिक जाम हो गया।
इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प हो गई। इस दौरान सेक्टर-11 थाना प्रभारी जयवीर राणा और एएसआई रमेश कुमार घायल हुए हैं। दोनों को सेक्टर-16 अस्पताल में भर्ती करवाया गया। एक महिला पुलिसकर्मी भी घायल हुई है, जिसे सेक्टर 16 अस्पताल पहुंचाया गया।
अब मोर्चा हाईवे से हट गया है। साथ ही मोर्चा ने 25 जनवरी को मोहाली में महापंचायत बुला ली है।
चंडीगढ़ पुलिस पर तलवारों व कृपाण से हमला करने के मामले में सेक्टर-36 थाने में अलग-अलग तीन एफआईआर दर्ज की है। इसके साथ ही इस मामले में कुछ प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार भी कर लिया है।
इससे पहले मौके पर पहुंची चंडीगढ़ पुलिस फोर्स ने प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन मोर्चा के लोग मानने को तैयार नहीं हुए। इसके बाद मजबूरन पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा। इस मार्च को आतंकी हवारा का पिता लीड कर रहा था। इस बीच प्रदर्शनकारियों की तरफ से पत्थर उठा लिए, जिसके बाद मौके पर भगदड़ मच गई। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस इंस्पेक्टर का सिर भी फट गया है, जिसे अस्पताल ले जाया गया है। इस समय तनाव की स्थिति बनी हुई है। बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स मौके पर तैनात है। सेक्टर-43 बस स्टैंड के सामने चंडीगढ पुलिस के आईजी आरके सिंह, एसएसपी कंवरदीप कौर सहित सभी डीएसपी घटनास्थल पर मौजूद है।
पुलिस की तरफ से कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया गया है। इसी बीच निहंगों का भी एक ग्रुप मौके पर पहुंच गया और पुलिस को लाठी चार्ज करता देख निहंगों ने भी तलवारें लहरानी शुरू कर दी। जैसे-तैसे पुलिस ने मोर्चा के कई लोगों को हिरासत में लिया और इन्हें हाईवे के बीच से हटाया।
मौजूदा समय में सेक्टर-43 बस स्टैंड के सामने आवाजाही के लिए दोनों तरफ की सड़क को बंद कर दिया गया है। लोगों को भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। मौके पर चंडीगढ़ पुलिस के अलावा पंजाब पुलिस, रिजर्व बटालिन, रैपिड फोर्स और अन्य सुरक्षा एजेंसियों की फोर्स को लगाया गया है।