जननी सुरक्षा योजना (जेएसवाई) में गर्भावस्था के दौरान मुफ्त जांच और इलाज का दावा करने वाले सेक्टर 16 स्थित गवर्नमेंट मल्टी स्पेशियलिटी हॉस्पिटल (जीएमएसएच) में थायरायड और कॉग्लोग्राम जैसी महत्वपूर्ण जांच हफ्तों से बंद है।
चौंकाने वाली बात यह है कि महज किट की आपूर्ति समय से सुनिश्चित न होने से यह परेशानी हो रही है। इस बाबत अस्पताल प्रशासन का कहना है कि दो से चार दिन में जांच शुरू हो जाएगी, जबकि योजना में गर्भवती महिलाओं को गर्भधारण करने से प्रसव के बाद तक चिकित्सा सुविधाएं निशुल्क दी जानी हैं। गाइनी विभाग के कर्मचारियों का कहना है कि जननी सुरक्षा योजना में महज दावे किये जा रहे हैं।
कभी थायरायड बंद हो जाता है तो कभी कॉग्लोग्राम। कई बार तो महीनों तक फोलिक एसिड की आपूर्ति ठप रहती है। इस संबंध में बार-बार कहने पर भी कोई सुनवाई नहीं होती। गरीब और जरूरतमंद महिलाओं को निजी सेंटरों पर महंगे शुल्क अदा कर जांच करानी पड़ती है।
गर्भावस्था के दौरान ये जांच जरूरी
सीबीसी, एचबी, कॉग्लोग्राम, एचबीएसएजी, टीएसएच, आरबीएस, एससीवी, जीडीएम, एबीओआरएच, यूरिन और शुगर एल्बुमीन।
समय पर किट खत्म होने की जानकारी न मिलने से इस तरह की परेशानी हुई है। किट की सप्लाई दो से तीन दिन में हो जाएगी।
- डॉ. वीके नागपाल, मेडिकल सुपरिंटेंडेंट, जीएमएसएच-16 चंडीगढ़