चंडीगढ़। देश में एक बार फिर से कोरोना संक्रमण की दर बढ़ने से आम लोगों की चिंता बढ़ा दी है। बड़ों के लिए जहां टीककरण की दो डोज के बाद बूस्टर डोज लग रही है, वहीं बच्चों के लिए भी टीकाकरण को जरूरी कर दिया गया है। अभी भी कुछ अभिभावकों के मन में बच्चों को टीकाकरण कराने में भ्रम बना हुआ है। शहर की अंतरराष्ट्रीय स्तर की महिला खिलाड़ियों ने उन अभिभावकों से अपील है कि वह बच्चों की बेहतर सेहत के लिए उनका टीकाकरण जरूर करवाएं।
बच्चों के बचाव के लिए उन्हें टीका जरूर लगवाएं
बढ़ते करोना संक्रण की दर को देखते हुए टीकाकरण जरूरी हो गया है। अपने बच्चों को टीकाकरण कराने के लिए अभिभावकों को खुद से जिम्मेंदारी लेनी होगी। एक खिलाड़ी के नाते मैैंने अपने टीकाकरण के दोनों डोज लगवाए हैं। शहर के अभिभावक भी अपने बच्चों का टीकाकरण अवश्य कराएं। - गौरी श्यौराण, अंतरराष्ट्रीय स्तर की शूटिंग की खिलाड़ी
टीकाकरण को लेकर मन में शंका ठीक नहीं
जब बात बच्चों की सेहत को लेकर हो तो अभिभावक किसी तरह का रिस्क नहीं लेते तो फिर टीकाकरण को लेकर उनके मन में शंका क्यों है। कोरोना संक्रमण एक फिर से पैर पसार रहा है। ऐसे में बच्चों को संक्रमण से दूर रखने के लिए टीकाकरण जरूरी है।
-तान्या भाटिया, भारतीय महिला क्रिकेट टीम की सदस्य
घबराएं नहीं... मास्क के साथ टीकाकरण भी जरूरी
कोरोना हमें हर हाल में हराना है। इसके लिए मास्क, दो गज की दूरी और समय पर टीकाकरण जरूरी है। इससे कोरोना की बढ़ती रफ्तार को कम किया जा सकता है। ऐसे में अभिभावक घबराएं नहीं और बच्चों का तय समय पर टीकाकरण करवाएं। - अंजुम मोदगिल, ओलंपियन खिलाड़ी
झिझकें नहीं, जिम्मेदार अभिभावक बनें
शहर के अभिभावक जब खुद टीकाकरण करवा चुके हैं तो वह अपने बच्चों का भी टीकाकरण करवाने में झिझक क्यों रहे हैं। परिवार को सुरक्षित रखने का काम अभिभावकों का होता है। ऐसे में वह जिम्मदारी लेते हुए अपने बच्चों का टीकाकरण जरूर करवाएं। -चाहत अरोड़ा, अंतरराष्ट्रीय तैराक