चंडीगढ़। पर्यावरण संरक्षण तथा प्लास्टिक और पॉलिथीन के दुष्प्रभावों के बारे में जागरूक करने के उद्देश्य से चंडीगढ़ वेलफेयर ट्रस्ट (सीडब्ल्यूटी) मंडियों और शहर के बाजारों में नियमित जन जागरूकता अभियान शुरू करेगा। इसमें लोगों को प्लास्टिक कचरे के हानिकारक प्रभावों के बारे में शिक्षित करने के साथ प्लास्टिक व पॉलिथीन के कम उपयोग करने, पुन: उपयोग करने और रिसाइकिल के दृष्टिकोण पर जोर दिया जाएगा। विश्व पर्यावरण दिवस मनाने के लिए चंडीगढ़ प्रदूषण नियंत्रण समिति और नगर निगम चंडीगढ़ के सहयोग से चंडीगढ़ वेलफेयर ट्रस्ट ने सेक्टर- 43 के अटावा चौक पर हाल ही में हुई रैली के दौरान यह निर्णय लिया। भारतीय पर्यावरण सोसायटी (ईएसआई) से जुड़े चंडीगढ़ वेलफेयर ट्रस्ट के संस्थापक सतनाम सिंह संधू ने कहा कि ट्रस्ट मंडियों और बाजारों में जन जागरूकता अभियान शुरू करेगा। यह लोगों को प्लास्टिक कचरे से होने वाले दुष्प्रभावों से अवगत करवाने के लिए जागरूक और शिक्षित करेगा। संधू ने कहा कि ट्रस्ट सशक्त नारी अभियान के माध्यम से स्त्रियों को कौशल विकास प्रदान करने की दिशा में प्रयास कर रहा है। उन्हें सिलाई कढ़ाई आदि कार्य सिखाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस अभियान के अंतर्गत महिलाएं कौशल विकास कार्यक्रम के तहत प्लास्टिक बैग के विकल्प के रूप में कपड़े के थैले और जूट के थैलों का निर्माण करेंगी और उसके बाद इनका वितरण भी किया जाएगा।
प्लास्टिक के हानिकारक प्रभावों के साथ साथ पारिस्थितिकी तंत्र में माइक्रोप्लास्टिक के बारे में नागरिकों को जागरूक करने के लिए ट्रस्ट की ओर से रैली में ‘बीट प्लास्टिक पॉल्यूशन’ की थीम पर ध्यान केंद्रित किया गया। चंडीगढ़ को फिर से सुंदर बनाने और पर्यावरण संरक्षण के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए आस-पास के क्षेत्रों के निवासियों, कल्याण संगठनों, छात्रों और पर्यावरण के प्रति उत्साही लोगों ने इस रैली में बढ़ चढ़ कर भाग लिया। इस अवसर पर एनके झिंगन, सुरिंदर वर्मा और ईएसआई के यूथ विंग के नेता रोहन सिंह, प्रमुख वक्ताओं के रूप में मौहजूद रहे।
कैप्शन: चंडीगढ़ वेलफेयर ट्रस्ट के संस्थापक सतनाम सिंह संधू और अन्य प्लास्टिक कचरे के हानिकारक प्रभावों के लिए जागरूकता अभियान के दौरान।