चंडीगढ़ ट्रांसपोर्ट अंडरटेकिंग (सीटीयू) लंबी दूरी के लिए 200 बसें खरीदेगा। मंगलवार को एडवाइजर परिमल राय के साथ हुई ट्रांसपोर्ट विभाग की बैठक में यह फैसला लिया गया। वित्त सचिव सर्वजीत सिंह, ट्रांसपोर्ट सचिव केके जिंदल और ट्रांसपोर्ट डायरेक्टर कम ज्वाइंट सेक्रेटरी अमित तलवार भी इस मीटिंग में मौजूद थे। लंबी चली इस मीटिंग में अंतत: 200 बसें खरीदने पर सहमति बन ही गई। सीटीयू के पास अभी जो फंड है, उसी से बसें खरीदी जाएंगी।
अब सीटीयू बसों के खरीदने का प्रस्ताव बनाकर प्रशासक के पास मंजूरी के लिए भेजेगा। मंजूरी मिलते ही बसें खरीदने का टेंडर जारी कर दिया जाएगा।
सीटीयू ने एक जुलाई से लंबी दूरी के लिए चल रहीं 45 बसों को हटा लिया है। इन बसों की समय सीमा समाप्त हो गई है। इसके बाद अब सीमित रास्तों पर 30 से 40 बसें ही लंबी दूरी के लिए चल रही हैं। ढाई साल पहले 70 रूट पर 150 से अधिक बसें चलाई जाती थीं, लेकिन पूर्व प्रशासक शिवराज पाटिल के आदेशों पर इन बसों को वहां से हटाकर सिटी में लगा दिया गया था।
अधिकतर रूट बंद होने से सीटीयू को घाटा
अधिकतर लांग रूट बंद होने से सीटीयू को जबर्दस्त आर्थिक नुकसान हो रहा है। हर डिपो काफी समय से घाटे में चल रही है। लंबी दूरी पर बसें अच्छी माइलेज देती हैं जिस कारण सिटी का घाटा इससे पूरा हो जाता है। सिटी में यह बसें महज 2 से 3 की ही माइलेज देती हैं। लंबी दूरी के रूट ही सीटीयू की अच्छी कमाई का जरिया है। इस बात को ध्यान में रखते हुए अब इसके लिए बसें खरीदने का फैसला लिया गया है।
एसी और नॉन एसी बसें खरीदी जाएंगी
200 नई बसों में एसी और नॉन एसी दोनों तरह की बसें शामिल रहेंगी। इनमें40 वोल्वो भी शामिल हैं। अब तक सीटीयू के पास एक भी वोल्वो बस नहीं है। जबकि इसकी मांग कई वर्षों से की जा रही है।