केरल के बाद अब दिल्ली, जयपुर और हैदराबाद में कोरोना वायरस के एक-एक संदिग्ध मरीजों के मिलने के बाद चंडीगढ़ में भी दहशत का आलम है। मंगलवार को यूटी पुलिस ने कोरोनावायरस से बचने के लिए 31 मार्च तक के लिए अलर्ट जारी कर दिया है।
यूटी पुलिस ने अपने मुलाजिमों को मास्क और दस्ताने पहनने की नसीहत दी है। बुधवार से पुलिसकर्मी शहर की सड़कों पर मास्क और दस्ताने पहने हुए ड्यूटी करते नजर आएंगे। स्वास्थ्य विभाग की तरफ से जारी पत्र के बाद एसएसपी नीलांबरी विजय जगदले ने यह फैसला लिया है।
राजधानी दिल्ली समेत देश के कई बड़े शहरों में कोरोनावायरस के मरीजों के मिलने के कारण चंडीगढ़ स्वास्थ्य विभाग भी अलर्ट हो गया है और कोई कोताही नहीं बरतना चाहता। स्वास्थ्य विभाग ने यूटी पुलिस को पत्र जारी कर अलर्ट रहने को कहा है। पत्र में 4 से 31 मार्च तक चंडीगढ़ पुलिस को कोरोनावायरस से बचाव की हिदायत दी गई है।
इसके तहत सभी पुलिसकर्मियों को अपनी सुरक्षा के साथ आम लोगों को भी जागरूक करने को कहा गया है। इसके बाद पुलिस विभाग ने अपने कर्मचारियों को अलर्ट जारी करते हुए मास्क और दस्ताने पहनकर ड्यूटी करने के निर्देश जारी किए हैं।
पुलिस विभाग का कहना है कि 4 से 31 मार्च तक अगर सब कुछ ठीक रहा तो अलर्ट को हटा दिया जाएगा लेकिन अगर कोई असर देखने को मिला तो इस अवधि को बढ़ा दिया जाएगा। वहीं सूत्रों के अनुसार चंडीगढ़ पुलिस विभाग अपनी तरफ से मास्क और दस्ताने कर्मचारियों को बांटेगा। मंगलवार को जारी इस अलर्ट के दौरान मुलाजिमों को नसीहत दी गई है कि वह अपने साथ-साथ आसपास के लोगों को भी कोरोना वायरस से बचने के लिए जागरूक करें।
पब्लिक डीलिंग को देखते हुए जारी हुआ अलर्ट
पुलिस के आला अधिकारियों का कहना है कि दिल्ली समेत देश के तीन बड़े शहरों में कारोनावायरस के पॉजिटिव मरीज मिलने की वजह से स्वास्थ्य विभाग के पत्र जारी किया है। पुलिस की पब्लिक डीलिंग और ट्रैफिक पुलिस की ड्यूटी में रोजाना सैकड़ों लोगों से मिलना जुलना होता है, इसी के चलते विभाग कोरोना से बचने के लिए अलर्ट जारी किया है।
जागरूकता के लिए लाइट प्वाइंट पर अनाउंसमेंट
इसके अलावा शहर के चौक और लाइट प्वाइंट पर लाउडस्पीकर से अनाउंसमेंट के जरिए कोरोनावायरस के बारे में लोगों को जागरूक करने को कहा गया है। पुलिस विभाग अब इसकी तैयारी में जुट गया है और वायरलेस के जरिए सभी पुलिसकर्मियों को जागरूक करने को कहा गया है।
कोरोनावायरस को देखते हुए अलर्ट जारी किया गया है। साथ ही पुलिसकर्मियों को मास्क और दस्ताने पहनने की नसीहत दी गई है। चरणजीत सिंह विर्क, डीएसपी
किसी भी आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए तीन आईसोलेशन वार्ड बनाए
भारत में दस्तक दे चुके कोरोना वायरस से निपटने के लिए चंडीगढ़ पूरी तरह से तैयार है। मंगलवार को सेक्टर-9 स्थित यूटी सचिवालय में कोरोना वायरस को लेकर एक रिव्यू बैठक हुई। बैठक में हेल्थ सेक्रेटरी अरुण कुमार गुप्ता ने शहर के चिकित्सा अधिकारियों से कोरोना वायरस के बचाव, नियंत्रण और जांच सुविधाओं को लेकर चर्चा की। साथ ही एक वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए केंद्र सरकार को भी तैयारियों की जानकारी दी गई।
अमर उजाला से बात करते हुए हेल्थ सेक्रेटरी अरुण कुमार गुप्ता ने बताया कि चंडीगढ़ में कोरोना वायरस का कोई असर नहीं है। लोगों को किसी भी तरह की घबराने की कोई बात नहीं है। इसके अलावा उन्होंने कहा कि चंडीगढ़ में आपातकालीन स्थिति के लिए तीन आईसोलेशन वार्ड तैयार किए गए हैं।
ये वार्ड पीजीआई, जीएमएसएच-16 और जीएमसीएच-32 में तैयार किए गए हैं। लोग सुरक्षा के मद्देनजर कुछ सावधानियां बरत सकते हैं। इनमें नियमित तौर पर हाथ धोएं, लोगों से उचित दूरी बनाकर रखें, नाक, मुंह और आंखों को बार-बार न छूएं, छींकते वक्त टिशू का इस्तेमाल करें और बुखार, खांसी-जुकाम को हल्के में न लें।
कोरोना वायरस से निपटने को बनाए स्पेशल वार्ड और गठित की आरआरटी
मोहाली। वीआईपी जिले में कोरोना वायरस से निटपने के लिए सेहत विभाग अलर्ट है और इसके लिए पूरी तैयारी कर रखी है। एक तरफ जहां संबंधित बीमारी से निपटने के लिए स्पेशल टीमें गठित की गई हैं, वहीं, जिले के सभी अस्पतालों में स्पेशल वार्ड तक बना लिए गए हैं। इसके अलावा लोगों को बीमारी के प्रति जागरूक करने के लिए सोशल मीडिया और हेल्पलाइन नंबर के माध्यम से भी जागरूक किया जा रहा है। इसके साथ ही अस्पताल में भरती मरीजों को बीमारी के लक्षणों के बारे में जानकारी दी जा रही है। जिससे अगर कोई इस वायरस को लेकर संदिग्ध भी दिखता है तो उसकी आसानी से पहचान करके समय रहते उसका इलाज करवाया जा सके।
मोहाली जिले में स्थित सभी सरकारी अस्पतालों में कोरोना वायरस से पीड़ित लोगों के इलाज के लिए आइसोलेशन वार्ड बना लिए गए हैं। इसके साथ अस्पताल में आने वाले ऐसे संदिग्ध मरीजों की सुविधा के लिए रेपिड रिस्पांस टीम (आरआरटी) टीम बनाई गई है। जिनके पास मास्क, पीटीक्यू किट जैसी सभी सुविधाएं मौजूद हैं। इस रैपिड में सभी स्पेशलिस्ट डॉक्टरों को रखा गया है, जिससे इस बीमारी से आसानी से निपटा जा सके। वहीं, एयरपोर्ट पर रोजाना सिविल अस्पताल के डॉक्टरों की टीम जाती है और यहां विदेशों से आने वाले सभी यात्रियों का मेडिकल चेकअप किया जाता है। इस दौरान अगर कोई कोरोना वायरस से संदिग्ध मिलता है, तो उसे एयरपोर्ट पर बनाए गए गए वार्ड में रखा जाता है। हालांकि अभी तक कोई केस मोहाली या पंजाब में सामने नहीं आया है। कुछ संदिग्ध केस जरूर आए थे। बाद में उनके टेस्ट की लैब से रिपोर्ट निगेटिव आई थी।
सिविल अस्पताल में की जा चुकी मॉक ड्रिल तक
अगर सिविल अस्पताल में कोरोना वायरस का केस आ जाता है या किसी एरिया में ऐसे मरीज के होने का पता चलता है तो उसे अस्पताल तक कैसे लाना है और उसका इलाज कैसे करना है। इसके लिए भी सिविल अस्पताल पूरी तरह से तैयार है। सिविल अस्पताल में इस संबंधी एक मॉक ड्रिल भी की जा चुकी है। इसमें एक मरीज को अस्पताल के साथ लगते रिहायशी एरिया से लाया गया था। इसके बाद उसका इलाज किया गया था। हालांकि इस दौरान कुछ खामियां भी सामने आई थी। जिन्हें ड्रिल के बाद सुधार लिया गया है। इस मौके पर प्रशासन के अधिकारी भी मौजूद थे और इसकी रिपोर्ट जिला प्रशासन ने उच्च अधिकारियों को भेजी थी।
खबर अस्पताल में हुई मॉक ड्रिक की फोटो सहित है
कोरोना वायरस के संक्रमण को लेकर पंचकूला में हाई अलर्ट
कोरोना वायरस का पंचकूला में फिलहाल कोई मरीज नहीं है, लेकिन इस बीमारी को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है। बुधवार को हरियाणा डीजी हेल्थ ने पंचकूला सहित विभिन्न जिलों के डीसी और सिविल सर्जन से इसे लेकर अलर्ट रहने का निर्देश दिया। पंचकूला डीसी मुकेश कुमार अहूजा ने बताया कि कोरोना वायरस को लेकर प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद और सतर्क है। देश में अन्य जगह मामले सामने आने के बाद प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट है। इस विषय में अभी हमारे लिए चिंता की कोई बात नहीं है। परंतु हमें सावधानी बरतनी होगी कि इसका कोई प्रसार हमारे यहां नहीं हो रहा। उन्होंने बताया कि चीन में इस वायरस की पुष्टि होने के बाद से पंचकूला में 11 व्यक्ति चीन से आए थे। इनकी मेडिकल जांच के बाद इन्हें सामान्य पाया गया है।
घरों में ही आइसोलेशन वार्ड में रखा
इन सभी को सावधानी के लिए 14 दिनों तक इनके घरों मेें ही आइसोलेशन में रखा गया है। उन्होंने कहा कि सावधानी के चलते चीन से आने वाले सभी व्यक्तियों को हवाई अड्डों पर ही मेडिकल तौर पर चेक किया जा रहा है और सावधानी के तौर पर जरूरत पडने पर आइसोलेशन निगरानी में रखने की व्यवस्था है । परंतु फिर भी पंचायती राज संस्थाएं, आशा एवं आंगनबाड़ी वर्कर और समाजसेवियों को यदि चीन से आने वाले किसी की जानकारी मिलती है तो वे तुरंत स्वास्थ्य विभाग को इसकी जानकारी दें। इसके लिए भयग्रस्त होने की कोई जरूरत नहीं है। जरूरी नहीं है कि चीन से आने वाले हर किसी को संक्रमण हो। अभी तक किसी में इसकी पुष्टि नहीं हुई है। हमारा उद्देश्य है कि सावधानी रखी जाए।
रैपिड एक्शन टीम पूरी तरह तैयार
पंचकूला मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. जसजीत कौर ने बताया कि कोरोना वायरस एक नई बीमारी है जोकि चीन से फैल रही है और अब तक दुनिया के 27 देशों में इसके मरीज देखने को आए है। उन्होंने कहा कि 15 जनवरी के बाद चीन से लौटे व्यक्ति मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर 91-11-23978046 व 9779494643 व 8054007102 व 01722573907 पर संपर्क जरूर करें। उन्होंने बताया कि इसके लिए जिले में रैपिड एक्शन टीम पूरी तरह से तैयार है। इस तरह की कोई भी सूचना मिलते ही कार्रवाई शुरू हो जाएगी। 14 दिनों तक ऐसे किसी भी संभावित को एकांत निगरानी में रखा जाएगा। पंचकूला पुलिस उपायुक्त मोहित ढांडा ने बताया कि जो भी निर्देश कोरोना वायरस को लेकर पुलिस मुख्यालय से आए हैं उन सभी का पालन किया जाएगा।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से मीटिंग की गई है। मीटिंग के बाद हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। हम कोरोना से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
- एसबी कंबोज, स्वास्थ्य महानिदेशक, हरियाणा
कोरोना के खतरे से निपटने को तैयार इंटरनेशनल एयरपोर्ट
कोरोना वायरस के खतरे से निपटने के लिए चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर भी हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। इसके लिए हाल ही में यहां एक मॉक टेस्ट भी कर लिया गया है और डाक्टरों की टीम भी नियुक्त कर दी गई है। यह टीम बाहर से आने वाले सभी यात्रियों का मेडिकल चेकअप करने के बाद ही बाहर जाने देती है और अगर कोई इस वायरस को देखते हुए संदिग्ध मिलता है तो उसको ऑब्जर्वेशन पर रखा जाता है और उसके मेडिकल टेस्ट करने के लिए सैंपल लैब में भेज दिए जाते हैं और इसकी रिपोर्ट आने तक डॉक्टर उस संदिग्ध व्यक्ति पर निगरानी रखते हैं।
कोरोना वायरस से बचने के लिए देश सभी एयरपोर्ट के साथ मोहाली -चंडीगढ़ के इंटनरेशनल एयरपोर्ट पर भी सभी यात्रियों की स्पेशल थर्मल स्क्रीनिंग की जा रही है। अब यह जानकारी भी सामने आ चुकी है कि मानव अपशिष्ट से भी कोरोना वायरस फैलता है। इसलिए मोहाली स्थित चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर विमानों को मानव अपशिष्ट को भी निपटाने की अनुमति नहीं दे रहा है।
एयरपोर्ट के सीईओ अजय कुमार ने कहा कि यह एक गंभीर मसला है। इस मामले को लेकर हमारी मीटिंग हो चुकी हैं। हम लगातार अपडेट ले रहे हैं।
हमने मानक संचालन प्रक्रियाएं ( एसओपी यानी स्पेशल आपरेटिंग प्रोसीजर) अपना लिया है। एयरपोर्ट पर दो इंटरनेशनल फ्लाइट हैं। इन दोनों फ्लाइट्स के साथ ही अन्य फ्लाइट के आने पर एनाउंसमेंट किया जाता है और उसके साथ ही यहां पंजाब सरकार के सेहत विभाग की ओर से भेजी गई डाक्टरों की टीम भी यहां मौजूद रहती है। यहां आने वाले किसी भी यात्री ने पिछले 15 से 20 दिनों में अगर चीन की यात्रा की है तो उसकी हवाई जहाज में ही थर्मल स्क्रीनिंग की जाती है। उन्होंने बताया कि पहले सभी यात्रियों और क्रू मेंबर्स की विस्तृत जानकारी यहां होती है कि पिछले हफ्ते उन्होंने कहां की यात्रा की है।