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चंडीगढ़: नगर निगम ने पंजाब विश्वविद्यालय को भेजा छह करोड़ का नोटिस, 15 दिनों का समय दिया

Tue, 15 Mar 2022 01:41 AM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

नगर निगम हर साल सरकारी विभागों को करोड़ों के नोटिस जारी करता है। इसके बावजूद उन विभागों से कर जमा नहीं कराया जाता है। इसी के तहत अब निगम ने पीयू को नोटिस जारी किया है। 
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पंजाब विश्वविद्यालय - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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चंडीगढ़ नगर निगम ने पंजाब विश्वविद्यालय (पीयू) को संपत्ति कर, सेवा कर और फायर केस का चार्ज शामिल कर छह करोड़ का नोटिस भेजा है। नोटिस में कहा है कि 15 दिनों में राशि जमा नहीं कराई तो संपत्ति जब्त कर ली जाएगी। वहीं, निगम ने प्रशासन को भी पानी की आपूर्ति में कटौती का निर्देश दिया है। यह आदेश अतिरिक्त आयुक्त रूपेश कुमार ने बीते 9 मार्च को जारी किए हैं। उधर, इस मामले में कर निरीक्षक संजय शर्मा को वारंट अधिकारी नियुक्त किया गया है।

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अतिरिक्त आयुक्त ने बताया कि 8 नवंबर 2021 को पीयू को नोटिस भेजकर 6023460 रुपये का संपत्ति कर भुगतान करवाने के लिए कहा गया था, लेकिन पीयू ने टैक्स नहीं भरा। जो अब एरियर सहित संशोधित होकर 6 करोड़, 6 लाख, 55 हजार 856 रुपये हो गया है। यदि अब भी समय सीमा के अंदर संपत्ति कर नहीं चुकाया गया तो पीयू की संपत्ति जब्त कर ली जाएगी। इस संबंध में पुलिस और एस्टेट विभाग को भी आदेश जारी कर दिए गए हैं, ताकि आवश्यकता पड़ने पर दोनों विभागों का सहयोग लिया जा सके। 

2007 में निगम ने कराया था सर्वे
वर्ष 2007 में निगम ने पंजाब इंजीनियरिंग कॉलेज से शहर का सर्वे कराया था। पीयू के अनुसार उसे नगर निगम को केवल 4 बिल्डिंग का ही कर देना था, लेकिन सर्वे के अनुसार छह बिल्डिंगों का संपत्ति कर देना है। इस संबंध में निगम ने 25 फरवरी 2021 को भी पीयू को नोटिस भेजा था लेकिन पीयू ने कर भरा नहीं। अब निगम ने एरियर को संशोधित कर नोटिस भेजा है। 
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किसी सरकारी संपत्ति पर आज तक नहीं लगा ताला
नगर निगम हर साल सरकारी विभागों को करोड़ों के नोटिस जारी करता है। इसके बावजूद उन विभागों से कर जमा नहीं कराया जाता है। निगम संपत्ति जब्त करने का चेतावनी पत्र भी जारी करता है लेकिन जुर्माना लगाने तक ही सीमित रह जाता है। आज तक निगम ने किसी भी सरकारी विभाग की संपत्ति को सील नहीं किया है। 

नगर निगम से नोटिस मिला है। हम दस्तावेजों से संपत्ति कर का मिलान कर रहे हैं, जो बकाया रहेगा या संपत्ति कर में असमंजस होगा, उसे जल्द हल कराया जाएगा। -गौरव गौड़, जनसंपर्क अधिकारी, पीयू

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