चंडीगढ़ में 30 जनवरी को हुए मेयर चुनाव पर उठा विवाद मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के बाद थम गया। हालांकि इसकी गूंज राजनीतिक गलियारों में काफी समय तक सुनाई देगी। इस पूरे मामले में जो नाम सबसे ज्यादा बदनाम हुआ वो है चुनाव के रिटर्निंग अधिकारी अनिल मसीह का।
सुप्रीम कोर्ट ने मामले में मनोनीत पार्षद और मेयर चुनाव के पीठासीन अधिकारी अनिल मसीह को कड़ी फटकार लगाई है। इसके बाद से अनिल मसीह सोशल मीडिया पर सर्च में आ गए। लोग जानना चाहते हैं कि अनिल मसीह कौन है, जिनके ऊपर चंडीगढ़ मेयर चुनाव में वोटों के साथ छेड़छाड़ का आरोप लगा है।