भाजपा हाईकमान के दवाब के बावजूद मेयर आशा जसवाल ने वीरवार को नामांकन वापस लेने से इनकार कर दिया। आशा जसवाल ने पार्टी प्रभारी प्रभात झा से साफ कहा है कि चाहे एक वोट पड़े, लेकिन नामांकन वापस नहीं लेंगी। उधर, प्रभात झा ने सारी जानकारी राष्ट्रीय संगठन मंत्री रामलाल को दे दी है। इसके अलावा इस मामले की पूरी रिपोर्ट बनाकर हाईकमान को सौंप दी है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के पास भी आशा जसवाल सहित कुल 11 पार्षदों के बगावत का मामला पहुंच गया है। सूत्रों का कहना है कि रामलाल खुद चंडीगढ़ भाजपा अध्यक्ष संजय टंडन और आशा जसवाल से बात करेंगे। भाजपा के अधिकृत मेयर उम्मीदवार देवेश मोदगिल के खिलाफ मेयर आशा जसवाल की बगावत को इसलिए भी बड़ा माना जा रहा है क्योंकि आशा जसवाल खुद भी राष्ट्रीय महिला मोर्चा उपाध्यक्ष पद पर तैनात हैं।
हाईकमान ने संजय टंडन को स्पष्ट कर दिया गया है कि अगर नामांकन वापस न लिया गया तो पार्टी कार्रवाई करेगी। 9 जनवरी को मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर चुनाव के लिए मतदान होना है। मतदान को 5 दिन बचे हैं। अभी दिल्ली में लोकसभा और राज्यसभा चल रही है। शनिवार और रविवार को कुछ और नेता भी चंडीगढ़ की स्थिति को नियंत्रण करने के लिए आ सकते हैं।
8 उम्मीदवार है मैदान में
Mayor Election 2018
- फोटो : अमर उजाला
8 उम्मीदवार है मैदान में
इस समय मेयर, सीनियर डिप्टी मेयर और डिप्टी मेयर के कुल 8 उम्मीदवार मैदान में है। मेयर पद के लिए भाजपा के देवेश मोदगिल, वर्तमान मेयर आशा जसवाल और कांग्रेस के देवेंद्र सिंह बबला ने नामांकन भरा है, जबकि सीनियर डिप्टी मेयर के लिए भाजपा के गुरप्रीत ढिल्लो, बागी उम्मीदवार रवि शर्मा और कांग्रेस के शीला फूल सिंह मैदान में हैं, जबकि डिप्टी मेयर के लिए दो ही उम्मीदवार हैं, जिनमें भाजपा के विनोद अग्रवाल और कांग्रेस के रविंदर कौर गुजराल मैदान में है। विनोद अग्रवाल को बागी पार्षदों का भी समर्थन है।
उम्मीद है कि आशा जसवाल और रवि शर्मा 9 जनवरी को सुबह 11 बजे तक अपना नामांकन वापस ले लेंगे। पार्टी एकजुट है।
-प्रभात झा, पार्टी प्रभारी