चार वार्डों में से एक पर ही अकाली की जीत
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पंजाब विधानसभा चुनाव के लिए चंडीगढ़ पूरी तरह से तैयार हैं। कांग्रेस, भाजपा, अकाली दल और आप ने यहां प्रचार के लिए कमर कस ली है। चंडीगढ़ भाजपा, अकाली दल और कांग्रेस के नेताओं और कार्यकर्ताओं का पंजाब विधानसभा चुनाव में उम्मीदवारों के लिए प्रचार के लिए आना-जाना शुरू हो गया है। वहीं 20 जनवरी के बाद से सभी पार्टियों के कार्यकर्ता सैकड़ों की संख्या में चुनाव प्रचार के लिए अलग-अलग क्षेत्रों में जाएंगे।
बता दें कि पंजाब भाजपा, अकाली दल और कांग्रेस के प्रदेश कार्यालय भी चंडीगढ़ में ही स्थित है और यहीं से पार्टी के एक्सपर्ट रणनीति तैयार करते हैं। भारतीय जनता पार्टी में हाईकमान की ओर से प्रदेश अध्यक्ष संजय टंडन, सांसद किरण खेर, पूर्व सांसद सत्यपाल जैन, मेयर आशा जसवाल की डयूटी प्रचार के लिए लगाई गई है। इनके साथ ही भाजपा के कईं पार्षद भी पंजाब विधानसभा में प्रचार के लिए जाएंगे।
वहीं भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय टंडन का प्रभाव राजपुरा में है। इसलिए वहां पर उन्हें विशेष जिम्मेदारी भी दी जा रही है। पंजाब विधानसभा चुनाव में कई सीटों पर भाजपा उम्मीदवारों की ओर से प्रचार के लिए सांसद किरण खेर की मांग की जा रही है। जबकि कांग्रेस में पूर्व रेल मंत्री पवन बंसल की ड्यूटी चंडीगढ़ के साथ लगती सीटें खरड़, मोहाली, राजपुरा और पटियाला की सीट पर प्रचार करने के लिए लगाई जा रही है।
यहां तक की तपा मंडी की सीट पर भी बंसल प्रचार करने के लिए जाएंगे, क्योंकि बंसल मूल रूप से तपा मंडी के ही रहने वाले हैं। वहीं पूर्व मेयर व पंजाब कांग्रेस के महासचिव रविंदर सिंह की ड्यूटी पार्टी प्रभारी आशा कुमारी के साथ ही लगाई गई है। आशा कुमारी जिन-जिन सीटों पर प्रचार करने के लिए जाएंगी, वहां उनके साथ पाली भी मौजूद रहेंगे। जबकि पार्षद दवेंद्र सिंह बबला को मोहाली सीट का प्रचार अभियान का ऑब्जर्वर नियुक्त किया गया है। वहीं महासचिव शशि शंकर तिवारी भी पटियाला सीट पर प्रचार कर रहे हैं।
अकाली अध्यक्ष के भाई कांग्रेस से लड़ रहें हैं चुनाव
Pawan Kumar Bansal
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चंडीगढ़ अकाली दल के अध्यक्ष जगमोहन सिंह भी पंजाब में अकाली उम्मीदवारों के लिए प्रचार के लिए जा रहे हैं। वहीं जगमोहन के भाई जगमोहन कंग खरड़ सीट पर बतौर कांग्रेस के उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं। सूत्रों का कहना है कि भाई जगजीत सिंह कंग अपने भाई के खिलाफ चुनाव प्रचार के लिए नहीं जाएंगे।
जबकि अकाली अध्यक्ष जगजीत सिंह कंग का कहना है कि वह और पार्टी के नेता पंजाब सीएम और डिप्टी सीएम के विधानसभा क्षेत्र में जाएंगे। बता दें कि जगजीत सिंह कंग भी छह साल पहले तक कांग्रेस में ही थे।
युवाओं की मांग ज्यादा
पंजाब विधानसभा चुनाव में प्रचार के लिए युवाओं की मांग ज्यादा है। इसका एक कारण यह है कि वह प्रचार के साथ साथ सोशल मीडिया का काम भी संभाल लेते हैं। कांग्रेस के सचिव यादविंदर मेहता पंजाब चुनाव के लिए यहां से ही फेसबुक पर सक्रिय है। वहीं प्रदेश युवा कांग्रेस के अध्यक्ष हरमेल केसरी का कहना है कि उनके राष्ट्रीय अध्यक्ष गिदड़बाहा की सीट से चुनाव लड़ रहे हैं। केसरी 22 जनवरी को यहां से प्रचार के लिए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि जिन सीटों पर युवा कांग्रेस के नेताओं को टिकट मिलेगी, वे उन सभी क्षेत्रों में प्रचार करेंगे। वहीं भाजपा से भी युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष अमित राणा प्रचार के लिए विभिन्न क्षेत्रों में जाएंगे। जो युवा क्षेत्र में नहीं जा सकते हैं उन्हें सोशल मीडिया पर पार्टी के पक्ष में प्रचार करने के लिए कहा गया है।
जबकि युवा कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष गुरप्रीत सिंह गाबी भी खरड़ सीट पर प्रचार के लिए जा रहे हैं। पीयू के छात्र नेताओं को टिकट मिलने से कांग्रेस और भाजयुमो के कई नेता प्रचार के लिए जा रहे हैं।