पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका दायर कर चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट से अंतरराष्ट्रीय उड़ानें जल्द शुरू करने की मांग की है। याचिका में आरोप लगाया गया है कि अभी तक यहां अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट जैसी सुविधाएं मुहैया नहीं कराई गईं, जिससे विदेशी निवेश पर असर पड़ रहा है।
मोहाली इंडस्ट्री एसोसिएशन ने एडवोकेट विभब जैन के माध्यम से दायर याचिका में कहा कि 939 करोड़ की लागत से बने इस अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर सार्वजनिक पैसा लगा है।
इसके लिए एयरपोर्ट अथॉरिटी को 300 एकड़ जमीन भी उपलब्ध कराई गई है। आरोप है कि एयरपोर्ट से अंतरराष्ट्रीय उड़ानें शुरू नहीं करने से सार्वजनिक व्यय करने के बावजूद वित्तीय नुकसान हो रहा है।
अंतरराष्ट्रीय उड़ानें और अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट जैसी सुविधाएं न होने के कारण पंजाब, हरियाणा व हिमाचल के उद्योग में होने वाले संभावित विदेशी निवेश पर भी प्रभाव पड़ रहा है। लिहाजा, अंतरराष्ट्रीय उड़ानें शुरू करने के लिए एयरपोर्ट अथॉरिटी को समय सीमा में बांधा जाए।
याचिका में मांग की गई है कि अंतरराष्ट्रीय उड़ानें शुरू न कर पाने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए जांच होनी चाहिए। अंतरराष्ट्रीय उ़डानें जल्द शुरू की जानी चाहिएं। याचिका में केंद्रीय सिविल एविएशन मंत्रालय, एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया, चंडीगढ़ इंटरनेशनल एयरपोर्ट अथॉरिटी, हुडा, गमाडा और केंद्र सरकार को प्रतिवादी बनाया गया है। हाईकोर्ट केजस्टिस एसकेमित्तल व जस्टिस डॉ. शेखर धवन की डिवीजन बेंच ने प्रतिवादियों को नोटिस जारी कर जवाब तलब कर लिया है। अगली सुनवाई 15 जनवरी को होगी।