ऐसे जीती जंग
हॉट स्पॉट एरिया में 24 घंटे शुरू की जांच
हॉटस्पॉट बन चुके बापूधाम में संक्रमण की चेन कमजोर करने के लिए 24 घंटे जांच की सुविधा शुरू की गई। इसके अलावा वहां डॉक्टरों की टीम भी तैनात की गई। प्रशासन ने स्थिति को काबू में करने के लिए वहां फोर्स भी लगाई। और संक्रमित लोगों को धर्मशाला में क्वारंटीन करना शुरू किया।
जांच केंद्रों की बढ़ाई गई संख्या
पीजीआई के साथ ही जीएमसीएच 32 और जीएमएसएच 16 में जांच की सुविधा शुरू की गई। आरटीपीसीआर के साथ ही रैपिड एंटीजन टेस्ट की व्यवस्था की गई । जिससे कम समय में ज्यादा स्क्रीनिंग हो सके।
होम क्वारंटीन पर रखी चौकस नजर
होम क्वारंटीन मरीजों के बेहतर फॉलोअप के लिए निदेशक स्वास्थ्य ने जोन के हिसाब से चिकित्सा अधिकारियों को मरीजों की जिम्मेदारी सौंपी। इसके साथ ही खुद रेंडम चेकिंग भी की। हेल्प डेस्क के जरिए भी उन मरीजों का लगातार फॉलोअप लिया जा रहा है।
टारगेट सैंपलिंग के लिए शुरू की मोबाइल जांच सुविधा
टारगेट सैंपलिंग के लिए 5 मोबाइल टीम सेवाएं शुरू की गई। जिसके अंतर्गत सेक्टर 17 स्थित बस स्टैंड, चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन, सेक्टर 26 स्थित पुलिस हॉस्पिटल पर नियमित जांच की सुविधा देने के साथ ही ऑन कॉल मोबाइल टीमों से कोरोना जांच की व्यवस्था की गई है।
पीजीआई के डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ के साथ ही अन्य कर्मचारियों की मेहनत लगन और सहयोग के बल पर ही कोरोना से जंग लड़ना संभव हो पाया है। पीजीआई की टीम ने दिन रात का फर्क किए बिना अपने परिजनों से दूर रहकर कोरोना के मरीजों का इलाज और सेवा की है। मुझे अपनी टीम पर गर्व है। उनके साथ के बल पर ही यह जीत संभव हो पा रही है। - प्रो. जगतराम, निदेशक, पीजीआई
स्वास्थ्य विभाग की टीम के मेहनत का ही परिणाम है जो कोरोना पर काबू संभव हो पाया है । इस सफलता में जनता का भी बराबर का सहयोग रहा है। अगर जनता जागरूक न होती तो संक्रमण पर काबू पाना संभव नहीं होता। अब टीकाकरण में भी जागरूकता की जरूरत है। बिना किसी पूर्वाग्रह के टीकाकरण अभियान को भी एक साथ मिलकर सफल बनाना होगा तभी हम कोरोना महामारी को पूरी तरह मिटा पाएंगे। - डॉ. अमनदीप कौर कंग, निदेशक, स्वास्थ्य