चंडीगढ़। 50 हजार रुपये की रिश्वत लेने के मामले में सीटीयू के वरिष्ठ सहायक जय भगवान को जिला अदालत से जमानत मिल गई है। यह जमानत आरोपी को 25 हजार रुपये की गारंटी पर मिली है। पिछले सप्ताह आरोपी ने जमानत याचिका दायर की थी। आरोप के मुताबिक, जय भगवान ने सेक्टर-43 के बस अड्डे पर स्थित यात्रियों के ठहरने वाले कमरे की लीज को रद्द कराने के एवज में एक लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी।
मामला 21 जनवरी 2021 का है। शिकायतकर्ता ठेकेदार ने विजिलेंस विभाग को बताया था कि सेक्टर-43 स्थित बस अड्डे पर उसने यात्रियों के ठहरने वाले कमरे को लीज पर लिया था, लेकिन कोरोना काल में उसका काम ठप हो गया। बसें न चलने और यात्रियों के न होने से उसे घाटा हो रहा था। इसके चलते वह किराया देने में असमर्थ हो गया। आरोप के मुताबिक, सीटीयू (चंडीगढ़ ट्रांसपोर्ट अंडरटेकिंग) के वरिष्ठ सहायक जय भगवान ने उससे वादा किया कि वह लीज को रद्द करवा देगा। इस काम के एवज में उसने ठेकेदार से एक लाख रुपये की रिश्वत मांगी। शिकायत पर विजिलेंस टीम ने जाल बिछाकर औद्योगिक क्षेत्र स्थित सीटीयू कार्यालय के पास से रिश्वत की पहली किस्त के 50 हजार रुपये लेते हुए जग भगवान को रंगेहाथ दबोच लिया था।