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चंडीगढ़ को देश की पहली कैशलेस सिटी बनाएं: बदनौर

Mon, 28 Nov 2016 01:07 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
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राज्यपाल बदनौर - फोटो : अमर उजाला
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पंजाब के राज्यपाल एवं यूटी प्रशासक वीपी सिंह बदनौर ने कहा कि चंडीगढ़ को देश की पहली कैशलेस सिटी बनाने का प्रयास किया जाए। इसके लिए अधिकारियों को भी दिशा निर्देश जारी कर दिए गए हैं। स्कूल-कॉलेज के स्टूडेंट्स शहरवासियों को कैशलेस इकोनॉमी बनाने के गुर सिखाएंगे।
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मिलकर कैशलेस सिस्टम अपनाने के लिए जागरूकता अभियान चलाएगा। बदनौर ने रविवार को प्रेस क्लब में क्लब की वेबसाइट लांचिंग कार्यक्रम के दौरान यह बात कही। बदनौर ने कहा कि वह जल्द ही इस बारे में शिक्षण संस्थानों के प्रिंसिपल को चाय पर आमंत्रित कर उनसे पूरे प्लान पर चर्चा करेंगे।

प्रशासक ने बताया कि मन की बात कार्यक्रम के बाद रक्षा मंत्री मनोहर परिकर ने घोषणा की कि गोवा देश का पहला कैशलेस राज्य बनेगा। यह अच्छी बात है लेकिन चंडीगढ़ पहले ही देश में सोलर, ग्रीनरी और कई अन्य क्षेत्रों में आगे है तो क्यों न कुछ ऐसा किया जाए कि चंडीगढ़ देश का पहला कैशलेस शहर बने। उन्होंने अधिकारियों को इस दिशा में तेजी से काम करने के आदेश भी जारी कर दिए हैं। 
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लोगों को साथ में लेकर इस क्षेत्र में अभियान चलाया जाए। किन जगहों पर रिटेल प्वाइंट ऑफ सेल सिस्टम (पीओएस) लगाए जाएं यह भी निर्धारित करने केआदेश दे दिए गए हैं। बदनौर ने कहा कि अभी कैशलेस इकोनॉमी के बारे में सोचना थोड़ा मुश्किल है। लेकिन कुछ सालों बाद यह ठीक उसी तरह से हर किसी के लिए आम होगा जिस तरह से मोबाइल फोन हैं।

उन्होंने अपना अनुभव साझा करते हुए बताया कि जब मोबाइल आया ही था और वह लोगों को गांव में जाकर बताते की किसान खेत से ही अपनी पत्नी को फोन कर खाना बनाने के लिए कहेगा। उस समय लोग यह बात सुनकर हंसते थे और उन्हें यह मजाक लगता। लेकिन आज स्थिति सभी के सामने है।
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ग्रीन सिटी के रूप में जाना जाए चंडीगढ़

Chandigarh sweeper - फोटो : File Photo
डिजिटल इंडिया प्रोग्राम के तहत चंडीगढ़ को कैशलेस सिटी बनाते हुए यहां के लोगों को ई-पेमेंट, ई-वॉलेट, कार्ड स्वाइप, क्रेडिट कार्ड, डेबिट कार्ड से पेमेंट का लेन देन सिखाया जाएगा। बदनौर ने कहा कि ई-पेमेंट भुगतान करने का सुरक्षित साधन तो है ही, साथ में ब्लैक मनी पर अंकुश  लगाने का सर्वोच्च तरीका भी है। 

बिजली-पानी के बिलों पर लगने वाले ट्रांजेक्शन चार्ज को हटाने पर भी विचार करने की बात उन्होंने कही। इस दौरान प्रशासक के सलाहकार परिमल राय, वित्त सचिव सर्वजीत सिंह, डीसी अजित बालाजी जोशी के साथ प्रेस क्लब के पदाधिकारी भी मौजूद रहे।

ग्रीन सिटी के रूप में जाना जाए चंडीगढ़
प्रशासक ने कहा कि चंडीगढ़ रूफटॉप सोलर पावर उत्पन्न करने में देश का अग्रणी शहर है। इससे 7.7 मेगावाट बिजली पैदा की जा रही है। उन्होंने इच्छा जताई कि भविष्य में चंडीगढ़ ग्रीन सिटी के तौर पर जाना जाए। इसके लिए प्रशासन ने यूरोपियन ग्रीन सिटी ब्रिस्टल का स्टडी भी कराया है।

उन्होंने कहा कि शहर की सभी स्ट्रीट लाइट को एलईडी में बदलने का काम किया जा रहा है। उन्होंने कैशलेस और ग्रीन सिटी बनाने की दिशा में लोगों से भी सुझाव मांगे। बदनौर ने कहा कि इस शहर में सेना से सेवानिवृत 94 जनरल और 134 मेजर जनरल रहते हैं। 

देश का शायद ही कोई ऐसा शहर होगा जहां ऐसा हो। इस तरह के लोगों की मदद से शहर को सबसे आगे ले जाया जाएगा। मीडिया पर चुटकी लेते हुए बदनौर ने कहा कि मीडिया किसी को नहीं छोड़ता वह गलत करेंगे तो उन्हें भी नहीं छोड़ेगा।

क्लब वेबसाइट पर होगी सभी जानकारी
प्रेस क्लब की वेबसाइट पर सभी जरूरी जानकारी होगी। फोटो गैलरी के साथ प्रेस क्लब का पूरा काम डिजिटल तरीके से वेबसाइट पर होगा। बदनौर ने चुटकी लेते हुए कहा कि बताया गया है कि उन्हें भी प्रेस क्लब का सदस्य बनाया गया है। इस पर उन्होंने कहा कि यह मेंबरशिप सिर्फ गवर्नर रहने तक होगी या फिर आजीवन मिलेगी। बदनौर ने कहा कि मेंबर होने के नाते अब वह बिन बताए ही प्रेस क्लब पहुंच जाया करेंगे।
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