नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा के गुट का छत्तीसगढ़ की नई प्रभारी कुमारी सैलजा, पूर्व प्रदेशाध्यक्ष अशोक तंवर, किरण चौधरी, कैप्टन अजय यादव, रणदीप सुरजेवाला और कुलदीप बिश्नोई से छत्तीस का आंकड़ा रहा है। कुलदीप तो अब भाजपाई हो चुके हैं, अन्य नेताओं के आपसी मतभेद अब भी बरकरार हैं। तंवर और सैलजा के अध्यक्ष रहते प्रदेश में विरोधी खेमे ने संगठन में नियुक्तियां ही नहीं होने दी। गोहिल तभी पार्टी को सत्ता में ला सकते है, जब वे सभी नेताओं को एक साथ चला सकें।
भारत जोड़ा यात्रा गोहिल की पहली अग्निपरीक्षा
21 दिसंबर से हरियाणा में राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा शुरू हो रही है। पहला चरण 23 दिसंबर तक चलेगा। तीन दिन चलने वाली यात्रा में प्रदेश कांग्रेस के साथ प्रभारी शक्ति सिंह गोहिल के लिए भी अग्निपरीक्षा है। यात्रा को सफल बनाने के लिए पुख्ता रणनीति उन्हें ही तैयार करनी होगी। अधिक से अधिक भीड़ जुटाकर लोगों में सदभावना का संदेश देने की कोशिश होगी, साथ ही 2024 के लिए चुनावी शंखनाद होगा। दूसरा चरण भी यात्रा का होना है, जिसके रूट प्लान को जल्दी अंतिम रूप दिया जाएगा। पहले चरण की यात्रा के लिए नेताओं को बुधवार को जिम्मेदारियां सौंप दी जाएंगी। प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने चंडीगढ़ में इसके लिए बैठक बुलाई है।
प्रदेशाध्यक्ष का पद छोड़ने का मिला सैलजा को इनाम
पार्टी हाईकमान ने कुमारी सैलजा को प्रदेशाध्यक्ष पद छोड़ने का इनाम दिया है। नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र हुड्डा के फ्री हैंड के लिए अड़ने पर सैलजा ने सोनिया गांधी के कहने पर तुरंत अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया था। इसके बाद पार्टी ने सैलजा को सीडब्ल्यूसी सदस्य बनाया, उसके बाद स्टीयरिंग कमेटी में शामिल किया। अब छत्तीसगढ़ का प्रभारी बनाकर हाईकमान ने सैलजा का कद बढ़ाया है।