रेट बढ़ाने के बाद शहर की पेड पार्किंगों को चलाने के लिए नगर निगम के अतिक्रमण हटाओ दस्ते ने मंगलवार को नो पार्किंग और सड़क किनारे में पार्क होने वाले वाहनों को जब्त करने की कार्रवाई सेक्टर-34 में की।
दस्ते ने सेक्टर-34 से 45 कारें और 9 मोटरसाइकिल जब्त किए, जबकि निगम ने ओपन ग्राउंड में भी पार्क वाहनों को जब्त किया।
इससे वाहन चालकों में रोष है। कई कर्मचारी ऐसे भी रहे जिन्हें शाम 5 बजे के बाद ही पता चला कि उनकी कार और मोटरसाइकिल नगर निगम ने उठा ली है। वे शाम को काफी भटकते हुए सेक्टर-35 के कम्युनिटी सेंटर में वाहन रिलीज करवाने के लिए पहुंचे लेकिन शाम 6 बजे के बाद नगर निगम के कर्मचारी कम्युनिटी सेंटर के गेट पर ताला लगाकर चले गए। इस पर चालकों ने रोष जाहिर करते नारेबाजी की।
अतिक्रमण हटाओ दस्ते के अनुसार 45 में से 30 कारों को जुर्माना लेकर रिलीज कर दिया है। लोगों में इसलिए भी ज्यादा गुस्सा है क्योंकि नगर निगम की ओर से कार का जुर्माना 3500 और दोपहिया वाहन का जुर्माना 1500 रुपये चार्ज किया गया जबकि ट्रैफिक पुलिस नो पार्किंग से जब्त किए हुए वाहन एक हजार से 1200 रुपये जुर्माना लेकर रिलीज कर देती है। लोगों का आरोप है कि यह सिर्फ पेड पार्किंग चलाने वाली कंपनी को फायदा पहुंचाने के लिए ऐसा किया जा रहा है। मालूम हो कि आर्य इंफ्रा कंपनी ने 14 करोड़ 76 लाख रुपये में 25 पेड पार्किंगों का ठेका लिया है।
जबसे पेड पार्किंग में वाहन पार्क करना महंगा हुआ है तब से नो पार्किंग में वाहन पार्क होने की समस्या बढ़ गई है। कंपनी के कहने पर ही नगर निगम के अतिक्रमण हटाओ दस्ते ने मंगलवार को सेक्टर-34 में अभियान चलाया। चालकों का आरोप है कि वाहनों को इतने गलत तरीके से उठाया गया है कि उनकी कारों को क्षति भी हुई हैं। कार में खरोंचें पड़ गई हैं। अतिक्रमण हटाओ दस्ता सुबह 9 बजे से ही सेक्टर-34 की पेड पार्किंगों के बाहर तैनात हो गया था।