कोविड-19 से मुकाबला करने के साथ-साथ प्रदेश में खाद्य आपूर्ति की व्यवस्था को बेहतर ढंग से बनाए रखने और लोगों की मदद करने जैसे हरियाणा सरकार के विभिन्न प्रयासों को केंद्र ने सराहा है। केंद्र ने सभी प्रयासों के बूते कोरोना से लड़ने के साथ-साथ प्रदेश में बेहतर व्यवस्था बनाए रखने के लिए हरियाणा को आदर्श स्टेट बताते हुए अन्य राज्यों को भी हरियाणा का अनुसरण करने की सलाह दी है।
केंद्र ने खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग के माध्यम से चलाई जा रही योजनाओं और आवश्यक चीजों की जमाखोरी, कालाबाजारी और मुनाफाखोरी पर कसे जा रहे शिकंजे की भी तारीफ की है। विभाग अपनी एक्शन टेकन रिपोर्ट और किए जा रहे विभिन्न कार्यों का ब्योरा केंद्र को नियमित रूप से भेज रहा है।
इसी तरह की रिपोर्ट अन्य राज्यों से भी मंगवाई जा रही है। अन्य राज्यों को हरियाणा को एक आदर्श राज्य मानते हुए प्रदेश द्वारा उठाए गए विभिन्न आवश्यक कदमों को अपनाने के लिए कहा गया है।
केंद्र द्वारा राज्य के जिन कार्यों को सराहा गया है उनमें ये हैं प्रमुख-
- सरकार द्वारा प्रतिदिन 25 आवश्यक वस्तुओं के थोक व परचून दरों, पूर्ति व उपलब्धता पर कड़ी नजर रखी जा रही है।
- सभी उपायुक्तों द्वारा अपने-अपने जिलों में आवश्यक वस्तुओं की दरें निर्धारित की गई हैं।
- सभी दुकानदारों को अपनी दुकानों पर रेट लिस्ट प्रदर्शित करने के बारे में कड़े निर्देश दिए गए हैं।
- फेस मास्क और हैंड सैनिटाइजर की निर्धारित दरों पर बिक्री एवं उपलब्धता को सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन ने विशेष टीमें गठित की हैं।
- अभी तक 864 ड्रग होलसेलर 9244 रिटेल केमिस्ट की जांच की जा चुकी है।
- थोक एवं परचून विक्रताओं द्वारा अनियमितताएं बरते जाने पर 638 चालान किए गए हैं। 21 अपराधिक मामले दर्ज किए जा चुके हैं।
- हरियाणा में इस वक्त घरेलू गैस (एलपीजी), पेट्रोल और डीजल की कोई कमी नहीं है।