इसके बाद मौके पर सिविल लाइन थाना पुलिस पहुंची। पुलिस को बताया गया कि छह माह की गर्भवती से बच्ची पैदा हुई है और उसका वजन 350 ग्राम है। उसको बचाया नहीं जा सकता है। इस घटना का वीडियो वायरल होने पर मंगलवार सुबह पुलिस को फिर सूचित किया गया। पुलिस ने तब बच्ची को सामान्य अस्पताल की नर्सरी में भर्ती कराया लेकिन शाम को उसकी मौत हो गई।
विधायक के बेटे को भी लेकर पहुंचा शिकायतकर्ता
शिकायतकर्ता रवि दहिया ने बताया कि वह बार-बार अस्पताल प्रशासन व पुलिस से गुहार लगाता रहा कि बच्ची को इस तरह मरने के लिए न छोड़ा जाए लेकिन उसकी किसी ने नहीं सुनी। वह विधायक सुरेंद्र पंवार के पास गया और उनके पुत्र ललित को लेकर मौके पर पहुंचा। ललित ने भी अस्पताल प्रशासन से कहा कि आखिर बच्ची को इस प्रकार तड़पते हुए लावारिस क्यों छोड़ दिया गया लेकिन अस्पताल प्रशासन ने कोई कार्रवाई नहीं की।
मामला संज्ञान में आया है। मैं इसकी जांच करा रहा हूं। चिकित्सक या परिजन जिसके स्तर पर भी गड़बड़ी मिलेगी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस के स्तर पर कार्रवाई में कोई ढिलाई हुई होगी तो उसकी भी जांच कराएंगे। - जश्नदीप सिंह रंधावा, एसपी सोनीपत।
हमारे पास प्री-मैच्योर पैदा हुई बच्ची आई थी। उसका वजन 350 था। उसे दाखिल कर लिया गया था लेकिन कुछ ही देर में उसकी मौत हो गई। - डॉ. आदर्श शर्मा, सीएमओ सोनीपत