पिता की राजनीतिक विरासत आगे बढ़ाएगी बेटी
पटियाला के शाही परिवार की राजनीतिक विरासत को कैप्टन अमरिंदर सिंह के बाद उनकी बेटी जयइंद्र कौर आगे बढ़ाएंगी। जयइंद्र कौर वर्तमान में पंजाब लोक कांग्रेस की प्रदेश उपाध्यक्ष हैं। उन्हें दो दिन पहले ही पंजाब जाट महासभा की महिला विंग का प्रदेश प्रधान भी बनाया गया है, जबकि इस ओहदे पर जयइंद्र कौर से पहले नवजोत सिंह सिद्धू की पत्नी नवजोत कौर सिद्धू काबिज थीं।
जयइंद्र कौर में भविष्य का नेता देखते हैं पार्टी कार्यकर्ता: केके मल्होत्रा
पीएलसी जिला प्रधान केके मल्होत्रा ने कहा कि जयइंद्र कौर में सभी पीएलसी नेता व कार्यकर्ता अपना भविष्य का नेता देखते हैं। भले ही कैप्टन हार गए हैं लेकिन चुनाव प्रचार में जयइंद्र कौर को अच्छा रिस्पांस मिला। युवाओं में वह काफी लोकप्रिय हैं, जो आगे चलकर उनके राजनीतिक भविष्य के लिए फायदेमंद हैं।
पहले ही हार कर छवि की धूमिल: डॉ. सेखों
श्री गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी (अमृतसर) के राजनीतिक विज्ञान विभाग से सेवानिवृत्त डॉ. जगरूप सेखों का कहना है कि कैप्टन को अब अपनी बढ़ती उम्र को देखते हुए राजनीति से संन्यास ले लेना चाहिए। अपने ही गढ़ से चुनाव हारकर कैप्टन अपनी छवि को धूमिल कर चुके हैं। हर बार यह कहकर वोटरों को भावुक करना कि मेरा यह आखिरी चुनाव है, यह पैंतरा अब पुराना हो गया है। वोटर अब काफी समझदार हो गए हैं। वह जातिवाद के चक्कर में नहीं फंसते है। लोगों ने इस बार पंजाब की राजनीति में बदलाव के लिए आप के पक्ष में वोट किया है।
जन्मदिन पर भी पटियाला नहीं पहुंचे कैप्टन
पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह अपने 80वें जन्मदिन पर भी पटियाला नहीं पहुंचे। इस कारण उनके आवास मोती महल में सन्नाटा पसरा रहा। बताया जा रहा है कि कैप्टन ने शुक्रवार को सिसवां फार्म पर अपने करीबियों व समर्थकों के लिए जन्मदिन की पार्टी रखी थी। इसमें पटियाला के उनके काफी समर्थक व कार्यकर्ता भी पहुंचे थे। साल 2017 में 11 मार्च को कैप्टन ने अपने जन्मदिन को दोगुने जश्न के साथ मोती महल में मनाया था। कैप्टन ने पंजाब में कांग्रेस व पटियाला में अपनी जीत का जश्न भी मनाया था। पांच साल बाद अब उसी तारीख पर मोती महल का दृश्य बिल्कुल बदला-बदला है। मोती महल में शुक्रवार को कैप्टन के जन्मदिन पर कोई जश्न नहीं मनाया गया।