कॉलेज या यूनिवर्सिटी स्तर पर युवाओं को डिग्री भर देने से संस्थानों की जिम्मेदारी पूरी नहीं हो जाती। संस्थान को इंडस्ट्री की जरुरत को ध्यान में देखते हुए युवाओं में स्किल डेवलेप करने की जरूरत है।
कुछ इस तरह के विचार सेक्टर-31 स्थित सीआईआई में ब्रिजिंग गैप्स ऑन स्किल डेवलपमेंट की ओर से स्किल गैप्स स्टडी की रिपोर्ट को लेकर कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में एजूकेशन, टेलीकम्यूनिकेशनल, बैंकिंग सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़ी हस्तियों ने मौजूदा इंडस्ट्री की जरूरतों को लेकर अपने विचार रखे।
कार्यक्रम में पंजाब के उधोग एवं वाणिज्य, तकनीकी शिक्षा मंत्री मदन मोहन मित्तल मुख्य अतिथि थे। ब्रिजिंग गैप्स के सह संस्थापक रोहित चावला की अगुवाई में कार्यक्रम हुआ।
इस मौके पर मोहाली इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष अनुराग अग्रवाल,देश भगत यूनिवर्सिटी के कुलपति डा.जोरा सिंह, रिलायंस कम्यूनिकेशन नार्थ रीज हेड कोनार्क भारद्वाज, रयात एंड बाहरा ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूट के संयुक्त निदेशक डा.एसएस कौरा, एचडीएफसी बैंक के जोनल हैड इकबाल सिंह गुलियाना, नेशनल स्किल डेवलेपमेंट कारपोरेशन की मालविका और पंजाब यूनिवर्सिटी स्थित यूनिवर्सिटी बिजनेस स्कूल(यूबीएस) के प्रोफेसर एसके चड्ढा ने भी अपने विचार रखे।
यूबीएस ने की इंडस्ट्री को लेकर स्किल गैप स्टडी रिपोर्ट
पीयू के प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी बिजनेस स्कूल की ओर से छह विभिन्न क्षेत्रों में नौकरी के लिए जरुरी स्किल और कमी को लेकर स्किल गैप स्टडी रिपोर्ट तैयार की गई। मदन मोहन मित्तल ने स्टडी का विमोचन किया।