बाबा रामदेव के विवादित बयान पर रविवार को दलित समाज के लोगों ने जुलूस निकाला और रामदेव का पुतला फूंका। लवकुश सेवादल सहित अन्य संगठनों ने बाबा रामदेव के दिए बयान के प्रति अपना गुस्सा दिखाया है।
सेक्टर-25 से शांति मार्च निकालकर सेक्टर-24 के वाल्मीकि मंदिर खत्म हुआ। लवकुश सेवादल के चेयरमैन अश्विनी बगानिया ने बताया कि शांति रोष मार्च में कई संगठनों के प्रतिनिधि शामिल हुए।
लोग हाथों में तख्ती लिए थे, जिसमें बाबा रामदेव के विरोध में नारे लिखे थे। वहीं, वाल्मीकिन समाज एकता मिशन ने भी रामदरबार में रोष मार्च निकालकर बाबा रामदेव का पुतला फूंका।
एकता मिशन के संस्थापक डॉ. मुकेश अनार्य ने कहा कि दलितों के खिलाफ अपमानजनक बयान बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि बाबा रामदेव के खिलाफ दलित उत्पीड़न का केस दर्ज होना चाहिए। रोष प्रदर्शन में शमशेर लोटिया, मन्नू, राजकुमार फौजी और राज आदिवंशी शामिल थे।
रामदेव का पीयू कैंपस में जलाया पुतला
चंडीगढ़। दलितों पर दिए बयान से आक्रोशित विद्यार्थियों ने पीयू कैंपस में रामदेव का पुतला फूंका। अंबेडकर स्टूडेंट एसोसिएशन प्रधान गुरदीप की अगुवाई में स्टूडेंट ने हॉस्टल नंबर-2 से पीयू मार्केट तक रोष प्रदर्शन किया। पुतले को पीयू के गेट नंबर 2 के सामने जला दिया गया। स्टूडेंट फॉर सोसाइटीने भी इस विरोध प्रदर्शन में अंबेडकर स्टूडेंट एसोसिएशन का साथ दिया।
कांग्रेसी भी उतरे सड़क पर
चंडीगढ़। राहुल गांधी पर विवादित टिप्पणी के विरोध में रोष व्यक्त करते हुए युवा कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने रविवार शाम को सेक्टर-26 के ट्रांसपोर्ट लाइट प्वाइंट पर पुतला फूंका।
युवा कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष हरमेल केसरी का कहना है कि इसकी शिकायत चुनाव आयोग से की गई है। केसरी का कहना है कि शिकायत में बाबा रामदेव की भविष्य में होने वाली पब्लिक मीटिंग पर पाबंदी लगाने की मांग की गई है।
इस मौके पर अध्यक्ष मनिंद्र ढिल्लो, अमरजीत नागर, मूल चंद, के अरुण, आशीष, नवदीप सिंह, वासीम, गौरव, हरमन सिंह, अवतार सिंह और दीपक अरोड़ा भी मौजूद थे।