बिजली गिरने से रविवार देर रात जहां करीब 10 बिजली ट्रांसफार्मर जल गए, वहीं करीब दो दर्जन से भी अधिक गांवों की बिजली बाधित हो गई। बारिश के साथ-साथ तेज हवा से एक दर्जन बिजली के खंभे टूट गए और कई गांवों में बिजली की तारें टूट गई। बिजली विभाग के कर्मी सोमवार सुबह से शाम तक भीगते हुए तार ठीक करने का प्रयास करते रहे।
गौरतलब है कि क्षेत्र में रविवार देर रात तेज हवा के साथ भारी बरसात होने लगी। इस दौरान बिजली से गांव अधोया, उगाला, बराड़ा के कई हिस्सों कंबासी, डेरा रामनगर, अलावलपुर, थंबड़ समेत अन्य गांवों में बिजली गिरने से बिजली के करीब 10 ट्रांसफार्मर जलकर खाक हो गए।
बराड़ा में अनाज मंडी के समीप एक ट्रांसफार्मर के तो बिजली गिरने से परखच्चे उड़ गए। इसका धमाका भी आसपास सुना गया। इस दौरान तेज हवा चलने से करीब दो दर्जन गांवों में बिजली के खंभे गिर गये और तारें टूटने से इन गांवों की बिजली पूरी तरह से बाधित हो गई। रविवार रात भी इन गांवों में अंधेरा रहा। सोमवार सुबह से ही बिजली विभाग के कर्मचारी इन गांवों की बिजली ठीक करने के लिये डटे रहे।
ग्रामीणों में मामचंद, बलराज भाटिया, गोवर्धन पांडे, रामपाल, हरद्वारी लाल, बशेशरनाथ, महिंद्र सिंह, चरणजीत सिंह, गुरविंदर ने बताया कि रविवार देर रात गई बिजली सोमवार सायं तक पूरी तरह से दुरुस्त नहीं हो पाई। इस दौरान कई बार अधिकारियों को फोन किया, लेकिन कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे पाया। अधिकारियों ने भी जल्द बिजली आने की बात तो कही, लेकिन सोमवार को भी कई गांवों में बिजली आपूर्ति पूरी तरह से बहाल नहीं हो पाई।