भारतीय किसान यूनियन एकता-उगराहां ने बुधवार को खराब मौसम के बीच प्रधानमंत्री की फिरोजपुर रैली को विफल करने को अपनी दूसरी जीत बताया है। यूनियन ने बयान जारी कर कहा गया कि वह और अन्य संगठनों ने राज्य भर में ‘मोदी वापस जाओ’ की सफल मुहिम चलाकर फिरोजपुर चुनाव रैली को असफल कर दिया।
उन्होंने आरोप लगाया कि किसान आंदोलन के समय से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पंजाब के किसानों से दुश्मनों की तरह पेश आ रहे हैं और किसानों ने अपने 700 साथियों की जान गंवा दी। कानून रद्द कराने के बाद किसानों की यह दूसरी जीत है। यूनियन के महासचिव सुखदेव सिंह कोकरीकलां ने कहा कि ऐसे व्यापक विरोध के कारण जहां एक तरफ लखीमपुर खीरी कांड के सभी दोषियों के खिलाफ कत्ल का केस होने के बाद भी अजय मिश्र टेनी को मंत्री पद से बर्खास्त करने के बजाय मोदी सरकार स्थानीय किसान नेताओं को जेलों में डाल रही है, वहीं किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर फसल खरीद की गारंटी और आंदोलनकारी किसानों पर दर्ज केसों के बारे में केंद्र सरकार लिखित वादा कर अब टालमटोल कर रही है।
शिअद ने सरकार को घेरा, आप ने कहा चूक स्वीकार्य योग्य नहीं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के काफिले में सुरक्षा चूक को लेकर शिरोमणि अकाली दल और आम आदमी पार्टी के सुर एक हैं। शिअद अध्यक्ष सुखबीर बादल ने सरकार की सुरक्षा तैयारियों पर सवाल उठाते हुए कहा कि पार्टी कलह के कारण पंजाब पुलिस कमांड चेन से बाहर हुई है। आम आदमी पार्टी के पंजाब सह प्रभारी राघव चड्ढा ने भी ट्वीट कर मोदी के काफिले में हुई सुरक्षा चूक की घटना को स्वीकार्य योग्य नहीं बताया है।
सुखबीर ने कहा कि इस घटना से साफ हो गया है कि राज्य में सरकार जैसी कोई चीज नहीं है। पंजाब कांग्रेस की अंदरूनी कलह ने मुख्यमंत्री को पूरी तरह से अप्रभावी बना दिया है। स्थिति ऐसी हो गई है कि कानून प्रवर्तन तंत्र को कोई स्पष्ट आदेश नहीं दिया जा रहा है। ऐसा आज तब देखने को मिला जब मुख्यमंत्री चन्नी और गृहमंत्री सुखजिंदर सिंह रंधावा एक ही घटना पर अलग-अलग बोल रहे थे। ये हालात पंजाब कांग्रेस पार्टी ने ही बनाए हैं।
उन्होंने कहा कि राज्य में दो डीजीपी तुरंत बदले गए और शीर्ष स्तर पर बदलाव अलग थे। कभी पेशेवर पुलिस कही जाने वाली पंजाब पुलिस का कांग्रेस पार्टी राजनीतिकरण कर रही है। आम आदमी पार्टी के सह प्रभारी राघव चड्ढा ने ट्वीट कर घटना की भर्त्सना की है। उन्होंने लिखा है कि प्रधानमंत्री की सुरक्षा में कोई चूक अस्वीकार्य है। हमारे मतभेद चाहे जो भी हों, प्रत्येक राज्य सरकार को प्रधानमंत्री के लिए उच्चतम स्तर की सुरक्षा प्रदान करनी चाहिए।