करोड़ों के बिटक्वाइन घोटाले में दिल्ली से गिरफ्तार दुष्यंत सभ्रवाल को क्राइम ब्रांच ने ड्यूटी मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश कर पांच दिन का रिमांड हासिल किया है। टीम की पूछताछ में सामने आया कि आरोपी बिटक्वाइन (डिजिटल करेंसी) से चंडीगढ़ के तीन उद्योगपतियों से चार करोड़ से ज्यादा की ठगी कर चुका है।
ठगी के एक मामले में आरोपी के खिलाफ पंजाब में भी मामला दर्ज है, जबकि दिल्ली के अलग-अलग जगहों पर उसके खिलाफ कई शिकायतें दर्ज हैं। क्राइम ब्रांच की टीम देर रात तक आरोपी से पूछताछ करने में जुटी रही कि उसके साथ बिटक्वाइन घोटाले में कौन-कौन शामिल रहा और पिछले दो साल से उसने वह किन-किन ठिकानों पर अड्डा जमा रखा था। पिछले दो साल से क्राइम ब्रांच को आरोपी की तलाश थी।
सेक्टर-49 निवासी गौरव की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी और उसके साथियों के खिलाफ धोखाधड़ी की धाराओं के तहत केस दर्ज किया था। शिकायतकर्ता गौरव ने बताया था कि उसके जरिए कई बड़े उद्योगपतियों ने अपना पैसा दुष्यंत के पास बिटक्वाइन की डिजिटल करेंसी में निवेश किया था।
आरोपी ने बिटक्वाइन में निवेशकों को 10 फीसदी प्रति माह लाभ देने का वादा किया था। जब इसमें काफी लोगों ने निवेश किया तो कंपनी के मालिक ने 18 महीने बाद उन्हें तीन गुना पैसे देने की बात कही थी। निवेश करने के दौरान बिटक्वाइन की कीमत करीब 50 रुपये के आसपास थी, लेकिन जब पैसा वापस देने का समय आया तो बिटक्वाइन की कीमत ज्यादा बढ़ चुकी थी।
शिकायतकर्ता समेत अन्य निवेशक चाहते थे कि उन्हें बढ़ी हुई कीमत के हिसाब से पैसा वापस दिया जाए। मामले में पुलिस ने अमित भारद्वाज के खिलाफ धोखाधड़ी की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया था।