इस दौरान बाइक सवार दो युवकों ने शिवानी की चेन झपटने की कोशिश की तो उसने विरोध किया था। जिस पर स्नेचर उसे चाकू मारकर भाग गए थे और शिवानी की मौत हो गई थी। बीएसएफ जवान व उसकी पत्नी ने जिस तरह की कहानी बताई थी, उससे पुलिस को उन पर शक हो गया था। पुलिस ने सोमवार को अज्ञात के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया था। मामले में मंगलवार को पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम करवाने के बाद परिजनों को सौंप दिया।
पुलिस ने मामले की गहनता से जांच की तो बीएसएफ कर्मी राहुल व उसकी पत्नी अंजू पर शक गहराता चला गया। जिस पर पुलिस ने दोनों को हिरासत में ले लिया। पुलिस ने उनसे पूछताछ की तो पूरे मामले का खुलासा हो गया। जांच में सामने आया है कि बीएसएफ कर्मी राहुल व शिवानी फोन पर आपस में काफी देर तक बातचीत करते थे।
दोनों पिछले तीन साल से संपर्क में थे। जिसका अंजू को पता लग गया था। उसने अपने पति से इसका विरोध जताया था। जिसके बाद राहुल की पत्नी अंजू ने शिवानी को सोमवार को बात करने के लिए गोहाना बुलाया था। गोहाना आने के बाद कहासुनी होने पर राहुल व अंजू ने शिवानी की हत्या कर दी। पुलिस ने मंगलवार शाम को दोनों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस उन्हें बुधवार को अदालत में पेश कर रिमांड पर लेगी। जिससे मामले में जुड़े सभी सबूत जुटाए जा सके।
पुलिस का कहना है कि शुरुआती जांच में सामने आया है कि अंजू ने शिवानी को गोहाना बुलाया और वह बात करने लगे। वह शिवानी और राहुल की आपस में बातचीत बंद कराना चाहती थी। लेकिन वहां उनकी कहासुनी हो गई। जिस पर अंजू ने शिवानी के हाथ पकड़ लिए और राहुल ने चाकू से उस पर वार कर दिया। जिससे उसकी मौत हो गई। बाद में वह स्वयं ही उसे अस्पताल में उठा ले गए थे। जिससे उन पर किसी का शक न हो सके।
मौके पर खून नहीं मिलने और चोट के निशान से फंसे दोनों
पुलिस जांच में सामने आया कि दोनों ने जब शिवानी की हत्या कर दी तो उन्हें पकड़े जाने का भय सताने लगा। इस पर उन्होंने पुलिस से बचने के लिए चेन स्नेचरों द्वारा वारदात को अंजाम देने की कहासुनी बना डाली। हालांकि पुलिस पूछताछ के बाद उनकी कहानी ज्यादा देर तक टिक नहीं सकी।
पुलिस जब उन्हें वारदात स्थल दिखाने को लेकर गई तो वहां खून की बूंद तक नहीं मिलने पर उन पर शक गहरा गया था। वहीं राहुल के गले पर चोट के निशान ने उनके झूठ को खोल दिया। वह चोट पुरानी बता रहा था, जबकि चोट ताजा लगी हुई थी। पुलिस ने थोड़ी कड़ाई से पूछताछ की तो उन्होंने पूरे मामले से पर्दा उठा दिया।
पूछताछ में सामने आया है कि शिवानी व राहुल की जान पहचान राहुल के मामा के घर शादी समारोह में वर्ष 2016 में हुई थी। बताया गया कि राहुल वहां शादी में गया था तो शिवानी भी अपनी सहेली के माध्यम से उस शादी समारोह में गई थी। वहां पर उनकी बातचीत हो गई। जिसके बाद दोनों ने एक-दूसरे के नंबर ले लिए। वह आपस में बातचीत करने लगे थे। पुलिस ने उनकी कॉल डिटेल निकाली तो बातचीत का पता लगा।
युवती की चाकू से हमला कर हत्या की गई थी। जिसकी जांच में सामने आया कि युवती की बीएसफ कर्मी से बातचीत होती थी। जिसका उसकी पत्नी ने विरोध करते हुए युवती को बातचीत के लिए गोहाना बुलाया था। गोहाना में कहासुनी के बाद बीएसएफ कर्मी की पत्नी ने उसके हाथ पकड़ लिए और जवान ने चाकू मारकर हत्या कर दी थी। बाद में पुलिस ने बचने के लिए स्नेचरों द्वारा हमले की कहानी बना दी थी। दोनों को रिमांड पर लेकर गहनता से पूछताछ की जाएगी। उदय सिंह मीणा, एएसपी गोहाना