फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

'बगावती' सुखपाल खैरा को बाहर का रास्ता दिखा सकती है आम आदमी पार्टीः भगवंत मान

Sun, 26 Aug 2018 10:15 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जालंधर(पंजाब)
विज्ञापन
भगवंत मान
विज्ञापन
आम आदमी पार्टी के विधायक सुखपाल सिंह खैरा की बगावत के मुद्दे पर शनिवार को भगवंत मान ने खुलकर अपना स्टैंड स्पष्ट कर दिया है। संगरूर जिले से आम आदमी पार्टी के सांसद भगवंत मान का कहना है कि सुखपाल सिंह खैरा को समझने की बहुत कोशिश की कई लेकिन अब जब वह पार्टी विरोधी गतिविधियों से बाज नहीं आ रहे हैं। इस पर जल्द ही उनको पार्टी से निकालने का फैसला लिया जा सकता है। भगवंत मान यहां पत्रकारों से वार्ता कर रहे थे।
विज्ञापन


जब उनसे पूछा गया कि कब तक इस मामले में फैसला आ जाएगा तो उन्होंने कहा कि मामला अनुशासन कमेटी के पास गया है। जल्द ही इस मामले में पंजाब वर्किंग कमेटी अपना फैसला लेगी। उन्होंने कहा कि पार्टी के फैसले अकेले केजरीवाल भी नहीं ले सकते। इसके लिए पार्टी की पीएसी बैठक में मामला विचार के लिए रखा जाता है, जिसके बाद कोई फैसला लिया जाता है। उन्होंने कहा कि कोई भी व्यक्ति पार्टी से बड़ा नहीं हो सकता।

उन्होंने भाजपा व कांग्रेस का हवाला देते हुए कहा कि पंजाब में कांग्रेस ने सुनील जाखड़ को बदला था, उन्होंने तो कोई विरोध नहीं किया। भाजपा ने विजय सांपला को हटाकर श्वेत मलिक को पंजाब प्रधान बना दिया, उन्होंने तो विरोध नहीं किया, फिर खैरा इस मुद्दे को हवा क्यों दे रहे हैं।  कांग्रेस सरकार पर हमला बोलते हुए मान ने कहा कि  विधान सभा का मानसून सत्र डेढ़ दिन का कर दिया गया है। कांग्रेस इस बात का जवाब दे की डेढ़ दिन में अहम मुद्दों पर कैसी चर्चा हो सकती है।
विज्ञापन


उन्होंने कहा कि दरअसल सरकार ,वालों का जवाब देने से भाग रही है। बरगाड़ी कांड और एसटीएफ  की रिपोर्ट पर बहस होनी चाहिए। किसानों के मुद्दों, पंजाब में फैले ड्रग के जाल व अन्य कई ऐसे ज्वलंत मुद्दे हैं, जिन पर चर्चा होना जरूरी है। बिक्रम सिंह मजीठिया से माफी मांगने के सवाल पर मान ने कहा कि वह आज भी इस फैसले को गलत मानते हैं। वह आज भी इस मुद्दे पर केजरीवाल से नाराज हैं। इसी कारण उन्होंने पंजाब प्रधान के पद से अपना इस्तीफा दिया था, जो आज तक उन्होंने वापस नहीं लिया है।  

मुख्यमंत्री का चेहरा घोषित न करना बना हार का कारण
भगवंत मान ने यह भी माना की पंजाब में मुख्यमंत्री का चेहरा सामने न लाना भी पार्टी की हार का कारण बना है। उन्होंने कहा कि अगर टीम का कप्तान हो तो वह यह तय करता है कि कौन बैटिंग करेगा व कौन बालिंग करेगा। कप्तान न होने के कारण, जिसके हाथ में बैट था, वह बैटिंग करता रहा और  जिसके हाथ में बाल आई, उसने किसी और को बालिंग करने ही नहीं दी। इस कारण पार्टी विधानसभा चुनाव रूपी यह मैच हार गई।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें