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ठगी से बचना है तो इस खबर को जरूर पढ़ें

Thu, 20 Mar 2014 08:41 AM IST
राजेश ढल्ल/अमर उजाला, चंडीगढ़
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बैंक खातों की जानकारी का दुरुपयोग कर और एटीएम कार्ड क्लोनिंग से चूना लगाने वाले ठगों ने अपना तरीका बदल लिया है।
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ऑनलाइन ठगी करने वाले अब बैंक अधिकारी एवं काल सेंटर कर्मचारी बनकर फोन करते हैं और एटीएम और खाते की डिटेल लेते हैं। पुलिस के साइबर सेल के पास इस साल अब तक ऐसे दो दर्जन मामले दर्ज हो चुके हैं।

बिहार और झारखंड से कॉल आए तो सावधान!
इस तरह ठगी करने वाला गैंग काफी शातिर है और हर वारदात सिम कार्ड बदल कर अंजाम देता है। अब तक दर्ज मामलों में ऐसे ज्यादातर फोन काल बिहार और झारखंड से आए हैं। ये ठग फोन पर एटीएम और खाते की जानकारी लेकर ऑनलाइन शापिंग कर रहे हैं।
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उदाहरण:
तीन दिन पहले बुडै़ल निवासी एवं प्रापर्टी निवेश सलाहकार संदीप कुमार (सेंडी) ने पुलिस में इस मामले में शिकायत दर्ज करवाई है। शिकायत में उस मोबाइल नंबर की भी जानकारी दी गई जिस नंबर से ठगने के लिए फोन आ रहे हैं लेकिन इसके बावजूद अभी तक फोन आने का सिलसिला जारी है।

संदीप कुमार के अनुसार तीन दिन पहले उन्हें एक फोन आया। कॉल करने वाले ने खुद को एटीएम काल सेंटर का कर्मचारी बताया। संदीप ने बताया कि उनके एक दोस्त के साथ पहले इस तरह की वारदात हो चुकी है इसलिए जब उसने एटीएम कार्ड में प्रिंट नंबर पूछा और खाते का नंबर पूछा तो वह समझ गए कि यह कोई ठग है।

फोन करने वाले ने कहा कि उनका एटीएम कार्ड खराब हो गया है और एक दिन बाद यह काम करना बंद कर देगा इसलिए नया कार्ड इश्यू करने के लिए पुराने कार्ड की जानकारी चाहिए। ठग ने जब पासवर्ड पूछा तो उन्होंने कहा कि यह अभी घर पर है और वह बाद में बताएंगे, इसके बाद उन्होंने पुलिस को इसकी शिकायत दे दी।

अब भी ठग उसे फोन करके एटीएम का पासवर्ड पूछ रहा है और पुलिस ने अभी तक कुछ नहीं किया है। ठग ने कार्ड के पीछे लिखा तीन डिजीट का सीवीवी नंबर भी पूछा था।

इन्होंने खाया धोखा
नया गांव निवासी दलबीर सिंह का कहना है कि एक माह पहले उन्हें भी बैंक अधिकारी बनकर किसी ठग का फोन आया। एटीएम पर प्रिंट नंबर के अलावा पासवर्ड नंबर भी बतायौ। उसके बाद उनके खाते से 2600 रुपये निकलवा लिए गए। जब बैंक से संपर्क किया गया तो उन्होंने भी मदद करने में असमर्थता जताई। बैंक के अनुसार इस तरह से आरोपी की पहचान नहीं की जा सकती है। जब उन्होंने आए हुए नंबर पर फोन किया तो वह स्विच ऑफ मिला।
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कोट
लोगों को सलाह दी जाती है कि एटीएम कार्ड पर प्रिंट नंबर और अपने पासवर्ड की जानकारी किसी को भी न दें। अगर बैंक से भी कॉल आए तो भी ये जानकारियां शेयर न करें।
-राजेश कालिया, डीएसपी, साइबर सेल
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