अगर आप भी होम शॉप से शॉपिंग करते हैं तो सावधान रहें। वरना आपके साथ भी वो होगा, जो इस महिला के साथ हुआ। जिला उपभोक्ता फोरम ने ऑनलाइन शॉपिंग कंपनी होम शॉप-18 को सेवाओं में कोताही का दोषी करार दिया है। साथ ही खराब सूटों की कीमत 2098 रुपये आठ फीसदी ब्याज के साथ लौटाने के आदेश दिए हैं।
इसके अलावा कंपनी को छह हजार रुपये मुआवजे के रूप में पीड़ित महिला को देने होंगे। यह सारी कार्रवाई 45 दिनों में पूरी करने पड़ेगी। इस संबंध में उपभोक्ता फोरम में डेराबस्सी स्थित मोहल्ला चौधरिया वाला निवासी सुषमा रानी ने केस दायर किया था। शिकायतकर्ता ने बताया कि जोहा कंपनी का ड्रेस मटेरियल होम शॉप-18 चैनल पर दिखाया गया। उन्हें यह सामान पसंद आया।
इसके बाद उन्होंने सात प्रिंटेड फ्रेंच क्रेप ड्रेस मटेरियल के लिए आर्डर दिया था। 14 दिसंबर को उन्हें सामान की डिलीवरी मिली। साथ ही उन्होंने 2098 रुपये का भुगतान कर दिया। जब उन्होंने पैकेट को खोला तो दंग रह गईं। क्योंकि चैनल पर जो सामान दिखाया गया था, भेजा गया सामान उसके अनुरूप नहीं था। फैब्रिक की क्वालिटी काफी घटिया थी।
इसके बाद उन्होंने दोबारा होम शॉप-18 से संपर्क किया और इस बारे में शिकायत दीं। इस दौरान कंपनी वालों ने दोबारा सामान भेजने को कहा। उन्होंने डाक के माध्यम से कंपनी के बताए पते पर 15 दिसंबर को दोबारा पार्सल भेज दिया। इसके लिए उन्होंने 239 रुपये भरे, लेकिन जब 22 दिसंबर को पार्सल वहां पहुंचा तो उक्त कंपनी ने पार्सल लेने से मना कर दिया और पार्सल दोबारा उनके पास पहुंच गया।
आखिर में शिकायतकर्ता ने सूटों की कीमत, पार्सल के लिए खर्चे 239 रुपये 18 फीसदी ब्याज के साथ वापस करने की बात कही। साथ ही जुर्माने की मांग की। इसके बाद कंज्यूमर कोर्ट की तरफ से कंपनी को नोटिस भेजा गया, लेकिन कंपनी ने नोटिस नहीं लिया। इसके अलावा वे फोरम में भी पेश नहीं हुए। इसके बाद फोरम ने एक तरफा फैसला सुना दिया।