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राॅक गार्डन की दीवार तोड़ने का मामला: 1989 में भी हुई थी कोशिश, जसपाल भट्टी ने ह्यूमन चेन बनाकर रोका था

Wed, 26 Feb 2025 12:48 PM IST
निवेदिता वर्मा रिशु राज सिंह, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

1989 में कैंबवाला तक के लिए एक सड़क बनाने की योजन बनी थी। सड़क रॉक गार्डन के अंदर से होकर जा रही थी। प्रशासन ने झूले वाले एरिया को तोड़ने की मंजूरी दे दी थी। इसके विरोध में जसपाल भट्टी के नेतृत्व में कई गण्यमान्य हस्तियों ने ह्यूमन चेन बनाई थी।
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चंडीगढ़ में राॅक गार्डन की तोड़ने के विरोध में बनी ह्यूमन चेन। - फोटो : फाइल
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विस्तार
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चंडीगढ़ में रॉक गार्डन के फेज-3 की दीवार तोड़ने का विरोध जारी है। इसे रॉक गार्डन की विरासत को खतरा बताया जा रहा है। शहर के कई लोग इसे 1989 के प्रशासन की कार्रवाई से जोड़कर देख रहे हैं, जब प्रसिद्ध हास्य कलाकार जसपाल भट्टी और थिएटर आर्टिस्ट नीलम मान सिंह जैसी हस्तियों ने ह्यूमन चेन बनाकर रोका था। अब 36 साल बाद फिर प्रशासन की कार्रवाई के खिलाफ बड़ी मुहिम चलाने की तैयारी की जा रही है।

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झूले वाला एरिया तोड़ने की थी योजना

रॉक गार्डन के निर्माता पद्मश्री नेकचंद के बेटे अनुज सैनी ने बताया कि वर्ष 1989 में भी रॉक गार्डन के एक हिस्से को तोड़ने की कोशिश हुई थी। प्रशासन ने कैंबवाला तक के लिए एक सड़क बनाने की योजना बनाई थी। वह सड़क रॉक गार्डन के अंदर से होकर जा रही थी और उसके लिए झूले वाले एरिया को तोड़ा जाना था। प्रशासन ने इसकी मंजूरी भी दे दी थी और तोड़ने के लिए रॉक गार्डन के अंदर जेसीबी पहुंच गई। कुछ एरिया को तोड़ दिया गया लेकिन रास्ते में एक पेड़ आ गया, जिसे काटने के लिए इंजीनियरिंग विभाग को परमिशन की जरूरत थी। परमिशन देने में दो दिन लग गए।

कार्रवाई के बारे में पता चला तो रोने लगे थे नेकचंद

अनुज सैनी ने बताया कि तोड़फोड़ की जानकारी जब उनके पिता नेकचंद को लगी तो वह रोने लगे और उन्हें हार्ट अटैक आ गया। धीरे-धीरे लोगों को भी कार्रवाई के बारे में पता चलने लगा। जसपाल भट्टी कई साथियों के साथ रॉक गार्डन पहुंचे। नीलम मान सिंह और भी कई लोगों ने इस कार्रवाई का विरोध किया। जब प्रशासन के अधिकारी अड़े रहे तो वे दीवार के साथ ह्यूमन चेन बनाकर खड़े हो गए। आखिर में प्रशासन को पीछे हटना पड़ा और सड़क का काम रुक गया। अनुज सैनी ने बताया कि अब फिर से रॉक गार्डन पर खतरा आ गया है।
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सिग्नेचर कैंपेन में करीब 5000 लोग जुटे, बड़े प्रदर्शन की तैयारी

प्रशासन के इंजीनियरिंग विभाग ने शनिवार को जेसीबी से रॉक गार्डन फेज-3 की बाहरी दीवार को तोड़ने का काम शुरू किया था। इसके विरोध में रविवार को काफी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए थे। वर्तमान में काम बंद है। सोमवार को चेंज डॉट ओआरजी पर एक ऑनलाइन सिग्नेचर कैंपेन शुरू किया गया है। अब तक करीब 5000 लोग इससे जुड़ गए हैं। एक व्हाट्सएप ग्रुप भी बनाया है, जिसमें शहर के लोगों को जोड़ा जा रहा है। इस मुहिम को नेकचंद की पोती प्रियंका अमेरिका के को-ऑर्डिनेट कर रही हैं। जिन पेड़ों को काटा गया है, वहां नए पौधे लगाने की योजना पर चर्चा चल रही है। इसके अलावा जल्द ही बड़े प्रदर्शन की भी तैयारी चल रही है।

अधिकारी बोले-लोगों को किया जा रहा गुमराह, रॉक गार्डन पर खतरा नहीं

हालांकि प्रशासन के अधिकारियों का कहना है कि लोगों को गुमराह किया जा रहा है। रॉक गार्डन पर खतरा नहीं है। सिर्फ बाहर की दीवार को शिफ्ट किया जा रहा है। यह दीवार रॉक गार्डन के मूल ढांचे का हिस्सा नहीं है। इसे पास के वन क्षेत्र को घेरने के लिए बनाया गया था।
 
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