कैप्टन सरकार एक्शन मोड में भले ही दिख रही है। लेकिन अपनी विरोधी पार्टी अकाली दल के नेता के लिए कुछ ऐसा करने जा रही है। जिसे सुनकर आप सरकार की इस मेहरबानी को समझ नहीं पाएंगे। भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना कर रहे अकाली सरकार में मंत्री का बचारहे तोता सिंह पर सरकार नरम दिखाई पड़ रही है।
पंजाब सरकार की ओर से अकाली दल के नेता और पूर्व मंत्री जत्थेदार तोता सिंह के खिलाफ भ्रष्टाचार का केस वापस लेने की मांग को लेकर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में अपील की गई है। इस मामले में हाईकोर्ट ने एडवोकेट पीएस आहलुवालिया को अमिकस क्यूरी नियुक्त किया है। केस की अगली सुनवाई 27 अप्रैल को होगी।
सरकार की अपील में कहा गया है कि तोता सिंह को इस केस में गलत तरीके से फंसाया गया है। उनके खिलाफ कोई सबूत नहीं था, लिहाजा तोता सिंह के खिलाफ केस वापस लिया जाना चाहिए। तोता सिंह के खिलाफ बतौर शिक्षा मंत्री रहते सरकारी वाहन और टेलीफोन के दुरुपयोग का आरोप लगाया गया था।