संविधान में देश के हर नागरिक को मतदान का अधिकार दिया गया है। लेकिन, लोग अपने इस अधिकार के बारे में समझते नहीं हैं। दुख होता है कि लोगों को उनके इस अधिकार के बारे में बताना पड़ता है।
हर नागरिक को अपने इस अधिकार का इस्तेमाल करना चाहिए और यह समझना चाहिए कि हर एक वोट जरूरी होता है। यह बात चंडीगढ़ के एसडीएम (ईस्ट) और एसडीएम (सेंट्रल) दानिश अशरफ ने कही।
सेक्टर-46 स्थित पोस्ट ग्रेजुएट गवर्नमेंट कालेज में वीरवार को अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से ‘मतदान का महत्व’ विषय पर आयोजित सेमिनार में उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग ने भी पिछले सालों में हुए चुनावों में यह सर्वे किया है और इससे यह स्पष्ट हुआ है कि लोग चुनाव के दिन को एक छुट्टी के दिन जैसा लेते हैं। हर नागरिक अगर पांच से दस मिनट का समय निकाल कर मतदान करने जाएगा तो मतदान का प्रतिशत 90 से ऊपर होगा।
उन्होंने कहा कि प्रशासन ने इस बार शहर में मतदान के प्रतिशत में बढ़ोतरी के लिए कई कदम उठाए हैं। लोगों की सुविधा के लिए उनके घरों के पास मतदान केंद्र बने हैं।
ऐसा सिर्फ चंडीगढ़ में ही नहीं देश भर में किया गया है। चुनाव आयोग ने हर मतदाता के इस अधिकार का सम्मान किया है और उन्हें इस अधिकार का इस्तेमाल करने के लिए ऐसी जगहों पर भी मतदान केंद्र बनाए हैं जहां सिर्फ एक मतदाता ही है। उन्होंने विद्यार्थियों से न सिर्फ खुद मतदान में हिस्सा लेने का आहवान किया, बल्कि उन्हें अपने दोस्तों, परिवार के सदस्यों से भी मतदान करने के लिए प्रेरित करने को कहा।
शहर के मतदाताओं को जागरूक करने के लिए अमर उजाला के अभियान ‘वोट की ताकत’ के तहत कालेज के मल्टीमीडिया हॉल में आयोजित किए इस सेमिनार में पीयू के परीक्षा नियंत्रक डॉ.परविंदर सिंह, पीयू के राजनीति शास्त्र विभाग के प्रोफेसर डॉ.आशुतोष कुमार, कालेज की प्रिंसिपल डॉ.गुरजीत कौर ने भी संबोधित किया।
इस दौरान कालेज के एनएसएस के प्रोग्राम ऑफिसर प्रवीण चौबे, डॉ.जीसी सेठी, और राजिंदर सिंह सहित कई शिक्षक भी मौजूद थे। मंच का संचालन उमा महाजन ने किया।